बच्चे को बहला-फुसलाकर घर से जेवर मंगवाने का आरोप, कोर्ट ने बेल देने से किया इनकार

Vaibhaw Vikram

न्यूज11 भारत
रांची/डेस्क:
13 साल के  बच्चे को बहला-फुसलाकर घर से जेवर निकलवाने के आरोप में ज्वेलर्स संचालक को अग्रिम राहत देने से कोर्ट ने इनकार कर दिया है. अपर न्यायायुक्त देवाशीष महापात्रा की  कोर्ट ने आरोपी गौरीशंकर वर्मा की अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दी है. आरोपी वर्मा ज्वेलर्स का संचालक है. मामला डोरंडा थाना कांड संख्या 73/2026 से जुड़ा हुआ है. प्राथमिकी के अनुसार सूचक कमलेश प्रधान ने आरोप लगाया है कि उनके 13 वर्षीय बेटे जो केंद्रीय विद्यालय में छठी कक्षा का छात्र है. जिसको पप्पू और वर्मा ज्वेलर्स के मालिक ने बहला-फुसलाकर चोरी के लिए उकसाया था.

आरोप है कि दोनों ने बच्चे को डराया कि वे उसके घरवालों को सब कुछ बता देंगे. जिसके कारण बच्चा भयभीत हो गया और घर से जेवर निकालकर देने लगा. प्राथमिकी में कहा गया है कि करीब 15 लाख रुपये के जेवर लिए गए, जबकि बदले में बच्चे को केवल 20-25 हजार रुपये दिए गए. सुनवाई के दौरान कोर्ट  ने केस डायरी का अवलोकन किया है. जिसमें गवाहों द्वारा आरोपों का समर्थन किए जाने की बात सामने आई है.

कोर्ट ने यह भी पाया कि जांच अधिकारी द्वारा जारी नोटिस का आरोपी ने जवाब नहीं दिया है. मामले की गंभीरता और जांच लंबित रहने का हवाला देते हुए कोर्ट  ने अग्रिम जमानत देने से इनकार कर दिया है.

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