प्रेम कुमार सिंह/न्यूज 11 भारत.
भरनो/डेस्क: भरनो प्रखंड में सरकारी राशन सामग्री की संभावित काला बाजारी का मामला सामने आया है. भरनो चट्टी मुख्य मार्ग पर अमलिया बझीयाटोली गांव के वनटोली मोड़ के समीप बुधवार को सड़क किनारे बड़ी संख्या में सरकारी चना दाल के खाली पैकेट पड़े मिले.खाली पैकेट मिलने के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया और ग्रामीणों ने इसकी सूचना तत्काल प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी (एमओ) अंशुल टोप्पो को दी.जानकारी के अनुसार,सड़क किनारे करीब 40 से 50 की संख्या में सरकारी चना दाल के खाली पैकेट फेंके हुए थे.ग्रामीणों को आशंका हुई कि राशन कार्डधारियों को मिलने वाली चना दाल की कहीं न कहीं काला बाजारी की जा रही है.
सूचना मिलते ही एमओ अंशुल टोप्पो मौके पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू की.स्थल निरीक्षण के दौरान एमओ ने पाया कि फेंके गए पैकेट सरकारी वितरण प्रणाली के तहत कार्डधारियों को दिए जाने वाले चना दाल के थे.इसके बाद उन्होंने तत्काल वनटोली गांव स्थित क्रांति स्वयं सहायता समूह द्वारा संचालित पीडीएस दुकान का निरीक्षण किया.निरीक्षण के दौरान दुकान संचालिका अर्चना देवी से पूछताछ की गई तथा राशन वितरण से संबंधित अभिलेखों की जांच की गई.
एमओ अंशुल टोप्पो ने दुकान में मौजूद कई राशन कार्डधारियों से भी बातचीत की और यह जानकारी ली कि उन्हें समय पर राशन मिल रहा है या नहीं,साथ ही चना दाल का वितरण किया गया था अथवा नहीं.जांच के दौरान कार्डधारियों से राशन की मात्रा और वितरण प्रक्रिया के बारे में भी पूछताछ की गई.मामले को लेकर एमओ अंशुल टोप्पो ने कहा कि सड़क किनारे बड़ी संख्या में सरकारी चना दाल के खाली पैकेट मिलना गंभीर मामला है.प्रथम दृष्टया यह प्रतीत होता है कि कहीं न कहीं चना दाल की काला बाजारी की जा रही है.
उन्होंने कहा कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और यदि किसी पीडीएस दुकान की संलिप्तता सामने आती है तो संबंधित दुकानदार के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी.घटना के बाद ग्रामीणों में भी नाराजगी देखी जा रही है.लोगों का कहना है कि सरकार गरीबों के लिए राशन उपलब्ध करा रही है,लेकिन यदि बीच में ही उसकी हेराफेरी हो रही है तो दोषियों पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए.
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