झारखंड के थानों में CCTV को लेकर हाईकोर्ट सख्त, DGP को खुद निगरानी करने का निर्देश

Vaibhaw Vikram

झारखंड के सभी थानों में सीसीटीवी कैमरों की स्थापना को लेकर झारखंड हाईकोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है.

न्यूज11 भारत
रांची/डेस्क:
झारखंड के सभी थानों में सीसीटीवी कैमरों की स्थापना को लेकर झारखंड हाईकोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है. गुरुवार को मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने सरायकेला-खरसावां के पुलिस अधीक्षक (SP) द्वारा दाखिल शपथ पत्र पर असंतोष जताते हुए राज्य पुलिस मुख्यालय को सख्त निर्देश जारी किए.

सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने कहा कि अब और देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. अदालत ने पुलिस महानिदेशक (DGP) को राज्यभर के थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाने की प्रक्रिया की व्यक्तिगत रूप से निगरानी करने का निर्देश दिया है. कोर्ट ने स्पष्ट किया कि सभी थानों में कैमरों की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए.

हाईकोर्ट ने DGP को 27 जुलाई तक विस्तृत स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने का आदेश दिया है. रिपोर्ट के साथ लगाए गए सीसीटीवी कैमरों की तस्वीरें भी संलग्न करने को कहा गया है, ताकि जमीनी स्तर पर आदेश के अनुपालन की पुष्टि हो सके. अदालत ने चेतावनी दी कि यदि किसी स्तर पर अनावश्यक देरी या आदेश की अवहेलना पाई गई तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है. कोर्ट ने कहा, 'Enough is enough, उनके पास कोई विकल्प नहीं है. इसे हर हाल में करना होगा.'

सुनवाई के दौरान अदालत ने यह भी कहा कि आवश्यकता पड़ने पर आदेशों के अनुपालन की भौतिक जांच के लिए Jharkhand State Legal Services Authority अथवा District Legal Services Authority की मदद ली जा सकती है. कोर्ट ने अपने आदेश की प्रति राज्य के मुख्य सचिव और गृह सचिव को भी भेजने का निर्देश दिया है.

गौरतलब है कि यह मामला तरुण महतो की पुलिस हिरासत में कथित पिटाई से जुड़ा है. घटना के बाद झारखंड हाईकोर्ट ने स्वतः संज्ञान लेते हुए सुनवाई शुरू की थी. मामले में मेडिकल रिपोर्ट में तरुण महतो को "फिट" बताया गया था, जबकि रिकॉर्ड में गंभीर चोटों के तथ्य सामने आए थे. इसके बाद संबंधित पुलिसकर्मियों और मेडिकल अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई भी की गई थी. मामले की अगली सुनवाई 30 जुलाई को निर्धारित की गई है. हाईकोर्ट के सख्त रुख के बाद राज्य के सभी थानों में सीसीटीवी व्यवस्था को लेकर प्रशासनिक गतिविधियां तेज होने की संभावना है.

यह भी पढ़ें: वोटर लिस्ट सत्यापन अभियान में जुटी झामुमो, पूर्वी सिंहभूम में केंद्रीय और जिला नेताओं को सौंपी बड़ी जिम्मेदारी