छात्रों पर लाठीचार्ज सरकार की संवेदनशीलता का असली चेहरा - रवि राज

Pramod Kumar,News11 Bharat,

सरकार की कथनी और करनी में बड़ा अंतर है - रवि

न्यूज11  भारत

चंदवा/डेस्क: रांची में झारखंड लोक सेवा आयोग और संयुक्त स्नातक स्तरीय परीक्षा में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ पिछले 17 दिनों से शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे छात्रों पर विधानसभा घेराव के दौरान लाठीचार्ज किया जाना सरकार के दमनकारी रवैये को दर्शाता है. भाजपा नेता आदर्श रवि राज ने कहा कि छात्र लगातार शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग सरकार के सामने रख रहे थे. इसके बावजूद आज जिस तरह कंटीले तारों और बैरिकेडिंग से छात्रों को घेरा गया, ऐसा लग रहा था मानो अपने ही राज्य में छात्र कोई सीमा पार करने जा रहे हों. छात्रों पर बर्बरतापूर्वक लाठीचार्ज करना बेहद निंदनीय है.

उन्होंने कहा कि कुछ दिन पहले सरकार के नुमाइंदे कह रहे थे कि सरकार संवेदनशील है और छात्रों की बात सुन रही है. आज सरकार ने बता दिया कि वह छात्रों की आवाज किस तरह सुन रही है, उनकी आवाज को लाठी के दम पर बंद करने की कोशिश की जा रही है. जिस युवा के हाथ में किताब और कलम होनी चाहिए, उसके हाथ पर पुलिस की लाठी पड़ना पूरे झारखंड के लिए शर्मनाक है. आदर्श रवि राज ने कहा कि छात्रों की मांग स्पष्ट है कि सीबीआई से जांच हो . यदि सरकार खुद को पाक-साफ मानती है तो फिर सीबीआई जांच से परहेज क्यों?

पूर्व में भी राज्य की जांच एजेंसियों की कार्रवाई को लेकर सवाल उठते रहे हैं, इसलिए छात्रों का केंद्रीय जांच की मांग करना पूरी तरह जायज है. उन्होंने कहा कि यह किसी राजनीतिक दल का आंदोलन नहीं, बल्कि झारखंड के छात्रों और युवाओं का आंदोलन है. सरकार को हठधर्मिता छोड़कर छात्रों से संवाद करना चाहिए और निष्पक्ष केंद्रीय जांच की मांग पर गंभीरता से विचार करना चाहिए. सरकार के पास छिपाने के लिए कुछ नहीं है तो केंद्रीय जांच से डर कैसा? छात्रों की आवाज को लाठी से नहीं, न्याय और निष्पक्ष जांच से जवाब दिया जाना चाहिए.

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