आदिवासियों की परंपरागत वेशभूषा और कला नृत्य से सराबोर रहा पाकुड़ – झामुमो

Pramod Kumar,News11 Bharat,

मादर,नगाड़े के थाप पर थिरके झामुमो पदधारी

न्यूज11  भारत

रांची/डेस्क: पाकुड़ जिले के धनुषपूजा स्थित जिला झामुमो कार्यालय में विश्व आदिवासी दिवस धूमधाम से मनाया गया. इस दैरान उपस्थित आदिवासी महिलाएं व पुरूष अपने पारम्परिक वस्त्र में पार्टी कार्यालय पहुँचे व विश्व आदिवासी दिवस के उपलक्ष्य पर कई कार्यक्रम आयोजित किए गए. जिसने आदिवासियों के सभ्यता एवं संस्कृति को नृत्य कला के माध्यम से उजागर किया गया. बताते चले की बतौर मुख्य अतिथि जिला अध्यक्ष अजीजुल ईस्लाम, जिला उपाध्यक्ष हाजी समद अली, सांसद प्रतिनिधि सह केंद्रीय सदस्य श्याम यादव जी ने शामिल होकर कार्यक्रम का उद्घाटन किया. वही आदिवासी वेश भूषा से सुसज्जित महिला पुरषों ने सभी पदाधिकारीयो का भव्य स्वागत किया.

बड़ी संख्या में उपस्थित आदिवासी महिला व पुरुष  कार्यकर्ताओ को झामुमो जिला अध्यक्ष अजीजुल ईस्लाम ने संबोधित करते हुए कहा की आज पूरे विश्व में आदिवासी दिवस की धूम है. जिसका जीता जागता उदाहरण पाकुड़ में भी देखने को मिल रहा है आज बड़ी संख्या में आदिवासी महिला व पुरूष कार्यकर्ताओ की उपस्थिति से यह अंदाजा लगाया जा सकता है की झामुमो के लिए आज का दिन कितना महत्वपूर्ण है.  उन्होंने कहा की यह दुनियाभर में रहने वाले आदिवासी समुदाय के लोगों की संस्कृति,भाषा और अस्तित्व को बचाने के दृष्टिकोण से मानया जाने वाला दिवस है, जिसे 9 अगस्त को अंतरराष्ट्रीय आदिवासी दिवस के रूप में मनाया जाता है. जिसको झामुमो एक बड़े पर्व के रूप में मानती आई है. जो भारत के लिए गौरवान्वित करने वाला पल है. चुकी झारखंड के मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन जी का सर्वप्रथम उद्देश्य है आदिवासी समाज सहित पिछड़ों को मुख्य धारा में लाकर ही झारखंड के विकास की रूप रेखा तय की जा सकती है. हालाकि इसके लिए झारखंड सरकार लगातार कार्य कर रही है. परंतु षड्यंत्रकारी अपनी आदतों से बाज़ नहीं आते वह बस सरकार को बदनाम करके अपनी रोटी सेकना चाहते है. और राज्य को लगातार पीछे धकलेने में लगे है. जो राज्य की जनता भी समझ रही है.

वही जिला उपाध्यक्ष हाजी समद अली, जिला उपाध्यक्ष पीटर मरांडी, जिला सचिव माईकिल मुर्मू, सांसद प्रतिनिधि सह केंद्रीय सदस्य श्याम यादव, युवा जिलाध्यक्ष सुनील टुडू, महिला जिलाध्यक्ष जोसेफिना हेम्ब्रम, पूर्व जिला सचिव सुलेमान बास्की सहित अन्य ने अपने अपने संबोधन में कहा हमारे लिए काफी गर्व की बात है कि राज्य में आदिवासी मूलवासी की सरकार है. आज एक आदिवासी मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन जी के नेतृत्व में राज्य में सरकार चल रही है जिसमे सभी को अपना अधिकार निश्चित तौर पर दिया जा रहा है. सरकार लगातार आम लोगो के लिए महत्वपूर्ण योजनाएं लेकर आ रही है एवं धरातल पर कार्य को उतारने में भी सरकार अब सफल होती दिख रही है. अगर राज्य के मुख्यमंत्री के नेतृत्व में इसी प्रकार से कार्य होता रहा तो वह दिन दूर नही जब राज्य के प्रत्येक धारा से जुड़े लोग अपने अधिकारों से परिपूर्ण होकर झारखंड का विकास ही नही बल्कि देश के सर्वांगीण विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान अदा करेंगे. वही झामुमो के कई पदाधिकारियों ने आपने वक्त्यव से विश्व आदिवासी दिवस मनाने के क्या उद्देश्य है. इसको चरितार्थ करने की कोशिश की और उन्हें आपने अधिकारों को समझने के लिए प्रोत्शाहित किया एवं शिक्षा को एक महत्वपूर्ण कड़ी बताई. इसलिए शिक्षा सर्वोपरि का नारा भी दिया.

मौके पर केंद्रीय समिति सदस्य मिथिलेष घोष, महिला मोर्चा जिला सचिव सुशीला देवी, पूर्व जिला सचिव सुलेमान बास्की, पाकुड़ प्रखंड अध्यक्ष मुसलोद्दीन शेख, लिट्टीपाड़ा प्रखंड अध्यक्ष प्रसाद हांसदा, अल्पसंख्यक जिला उपाध्यक्ष रेजाउल हक, उपाध्यक्ष अजफारुल शेख, लखन हेम्ब्रम, रामसिंह टुडू, अन्ना मुर्मू, सुशीला हेम्ब्रम, ताला मराण्डी, पतरास मरांडी, राजेश मुर्मू सहित सैकड़ों की संख्या में महिला व पुरूष कार्यकर्ता उपस्थित थे.

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