MMDR बिल के खिलाफ झारखंड में सियासत तेज, राजद ने दी सड़क से सदन तक आंदोलन की चेतावनी

Dipali Kumari

राजद ने कहा कि यह MMDR बिल सभी झारखंड वासियों के लिए खतरे की घंटी है.

न्यूज़11 भारत 
राँची/डेस्क: 
खान एवं खनिज (विकास और विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 को लेकर झारखंड में सियासी हलचल तेज हो गयी  है. इसी बीच आज रविवार को MMDR बिल को लेकर राजद ने ज्वाइंट प्रेस कांफ्रेंस की. हालांकि राजद और लेफ़्ट को छोड़ राज्य की सत्तारूढ़ दल झारखंड मुक्ति मोर्चा और सरकार की प्रमुख सहयोगी दल कांग्रेस ने इस ज्वाइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस से दूरी बनाई. प्रेस वार्ता के दौरान राजद ने कहा कि यह MMDR बिल सभी झारखंड वासियों के लिए खतरे की घंटी है. राजद ने इसके खिलाफ सड़क से सदन तक आंदोलन की चेतावनी दी है. साथ ही कहा कि अगर झारखंड से बीजेपी के सांसदों ने इस बिल का विरोध नहीं किया, तो समझ आ जायेगा किउनको झारखंड से जरा भी प्यार नहीं है.

इस दौरान राजद की उपाध्यक्ष अनीता यादव ने कहा कि यह बिल झारखंड के खिलाफ टारगेटेड है. संघीय ढांचे पर सीधा प्रहार है. इस बिल के संबंध में राज्यों से कोई विचार-विमर्श नहीं किया गया. केंद्र सरकार तानाशाही रवैया अपना रही है. सरकार को यह बिल वापस लेना ही होगा. राजद ने कहा कि राज्यपाल से मिलकर इस संबंध में उन्हें चिट्ठी दी जाएगी. 

राजद ने कहा कि महागठबंधन के साथियों के साथ रणनीति तैयार की जाएगी. 22 अगस्त को महागठबंधन की बैठक बुलाई गयी  है. जरुरत पड़ने पर सड़क से सदन तक आंदोलन होगा. हमलोग लंबी लड़ाई के लिए भी तैयार हैं.

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