गौरव पाल/न्यूज़ 11 भारत
बहरागोड़ा/डेस्क: बहरागोड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीनस्थ ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में रविवार को राष्ट्रीय पल्स पोलियो कार्यक्रम के तहत एक व्यापक और सराहनीय अभियान चलाया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य शून्य से पांच वर्ष तक के बच्चों को इस घातक बीमारी से पूरी तरह सुरक्षित रखना है. स्वास्थ्य प्रबंधन की बेहतरीन कार्ययोजना के कारण इस महाअभियान के तहत क्षेत्र में कुल 220 पोलियो बूथ बनाए गए हैं, जबकि सुदूर ग्रामीण इलाकों, ईंट-भट्टों और मुख्य मार्गों से दूर बसे टोलों में रहने वाले बच्चों तक पहुंच बनाने के लिए 12 विशेष मोबाइल यूनिटों को भी मुस्तैद किया गया है, जिनके जरिए कुल मिलाकर लगभग 22,000 बच्चों को पोलियोग्रस्त होने से बचाने के लिए "दो बूंद जिंदगी की" खुराक दी जा रही है. इस पूरे विशाल कार्यक्रम को धरातल पर सफल और प्रभावी बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग के लगभग 500 समर्पित कर्मी पूरी कर्मठता के साथ मोर्चे पर डटे हुए हैं, जिनमें मुख्य रूप से आंगनबाड़ी सेविका, सहिया, कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर (CHO) तथा एएनएम (ANM) शामिल हैं, जो न केवल अपने-अपने निर्धारित बूथों पर मुस्तैदी से अपनी सेवाएं दे रही हैं, बल्कि भीषण गर्मी और विपरीत परिस्थितियों की परवाह किए बिना पूरे क्षेत्र में लगातार परिभ्रमण व सघन दौरा भी कर रही हैं ताकि कोई भी योग्य बच्चा इस सुरक्षा चक्र से न छूटे और शत-प्रतिशत टीकाकरण का लक्ष्य हासिल किया जा सके.