न्यूज़11 भारत
रांची/डेस्क: झारखंड में संगठित अपराध के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कुख्यात गैंगस्टर प्रिंस खान, जेल में बंद अपराधी सुजीत सिन्हा और उसके गैंग के कई सदस्यों पर अब UAPA यानी गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम के तहत केस चलेगा. रांची के एयरपोर्ट थाना क्षेत्र स्थित होटल टिटॉस में रंगदारी को लेकर हुई हत्या के मामले में कोर्ट ने UAPA की धाराएं जोड़ने के आवेदन को मंजूरी दे दी हैं.
पुलिस ने प्रिंस खान, सुजीत सिन्हा, राहुल राणा, कौशल पांडेय, गोडवीन खान समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ UAPA की धारा 16, 17, 18, 19 और 20 जोड़ने की अनुमति मांगी थी. कोर्ट द्वारा आवेदन स्वीकार किए जाने के बाद अब इन आरोपियों पर आतंकवादी गतिविधियों से जुड़ी धाराओं के तहत कार्रवाई होगी. मामले में गैंग के सक्रिय सदस्य राहुल राणा को पुलिस ने शूटरों के बयान के आधार पर आरोपी बनाया हैं. हत्या और रंगदारी से जुड़े केस में नाम सामने आने के बाद से राहुल राणा फरार चल रहा हैं. रांची सिविल कोर्ट पहले ही उसकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर चुकी हैं. पुलिस लगातार उसकी तलाश में छापेमारी कर रही हैं.
क्या कहती है UAPA की धाराएं?
पुलिस के नुसार, UAPA की धारा 16 और 17 आतंकवादी कृत्य और उसके लिए धन जुटाने से जुड़ी हैं. वहीं धारा 18 आतंकी साजिश रचने जबकि धारा 19 और 20 आतंकियों को शरण देने और आतंकी संगठन का सदस्य होने से संबंधित हैं. इन धाराओं के जुड़ने के बाद मामले की जांच की जिम्मेदारी अब हटिया डीएसपी को सौंप दी गई हैं. पुलिस अधिकारियों का मानना है कि यह गिरोह अब सामान्य अपराधियों की तरह नहीं, बल्कि संगठित आतंकी मॉड्यूल की तरह काम कर रहा हैं.
हाल के दिनों में यह भी चर्चा सामने आई थी कि गैंगस्टर प्रिंस खान फिलहाल पाकिस्तान में छिपा हुआ है और वहीं से झारखंड के अलग-अलग जिलों में रंगदारी, धमकी और हत्या के नेटवर्क को ऑपरेट कर रहा हैं. बताया जा रहा है कि वह डिजिटल माध्यमों के जरिए कारोबारियों को धमकाने और इलाके में दहशत फैलाने का काम कर रहा हैं.
यह भी पढ़े: पर्यटन एवं ऊर्जा घोटाले के मास्टरमाइंड अर्घ्य सेन गुप्ता को हाईकोर्ट से बड़ी राहत, मिली जमानत