विश्व आदिवासी दिवस विशेष: सिमडेगा की आत्मा में बसती है आदिवासी संस्कृति, जल-जंगल-जमीन से जुड़ा जीवन

Dipali Kumari

मांदर की थाप पर होने वाला सामूहिक नृत्य हो, सरहुल और करमा जैसे पर्व हो या जंगल से मिलने वाली वन उपज सिमडेगा के सामाजिक जीवन में आदिवासी संस्कृति की गहरी छाप दिखाई देती है.