कोरोना भारत में पुनः लौटा

भारत में कोरोना रिटर्न! 4 मौतों और 12 नए केस से हड़कंप, क्या मास्क पहनने का वक्त आ गया, अब कितना बड़ा खतरा?

आंध्र प्रदेश में कोविड-19 के 12 नए मामलों और 4 मौतों के साथ, भारत में कोरोना की वापसी हुई है। क्या फिर से मास्क पहनने का समय आ गया है?

भारत में कोरोना रिटर्न! 4 मौतों और 12 नए केस से हड़कंप, क्या मास्क पहनने का वक्त आ गया, अब कितना बड़ा खतरा?

भारत में कोरोना रिटर्न! 4 मौतों और 12 नए केस से हड़कंप, क्या मास्क पहनने का वक्त आ गया, अब कितना बड़ा खतरा?

एक बार फिर कोरोना के लौटने का खतरा मंडरा रहा है. आंध्र प्रदेश में कोविड-19 के 12 नए मामलों के साथ ही 4 लोगों की मौतों से हड़कंप मच गया है. बता दे भारत पहले ही इसकी भयानक मार झेल चुका है. वहीं अब कम मरीजों के बावजूद करीब 30 फीसदी मौतों के अनुपात ने डरा दिया है. लिहाजा लोग अब ये ही सवाल पूछ रहे हैं कि क्या अब एक बार फिर मास्क पहनने, सेनिटाइजर से हाथ धोने और लोगों से दूरी बरतने का समय आ गया है?

आंध्र प्रदेश में कोरोना मामले 

26 जून से 16 जुलाई के बीच कुल 12 लोग कोविड-19 से संक्रमित मिले हैं. इनमें से 4 मरीज पहले से चली आ रहीं अपनी गंभीर बीमारियों और कोविड की चपेट में आने के चलते दम तोड़ चुके हैं.

स्वास्थ्य आयुक्त की ओर से बताया कि

मरने वालों को हाइपरटेंशन, डायबिटीज, किडनी संबंधी कई गंभीर समस्याएं थीं लेकिन जैसे ही वे कोविड-19 से संक्रमित हुए, उनकी मौत हो गई. वहीं बाकी संक्रमितों में से तीन मरीज फिलहाल होम आइसोलेशन में हैं, दो का अस्पतालों में इलाज चल रहा है और बचे तीन मरीज ठीक होकर घर जा चुके हैं. वहीं देशभर की बात करें तो जुलाई के पहले पखवाड़े में कुल 339 नए कोविड मामले दर्ज किए गए हैं. ऐसे में एक चीज तो साफ है कि खतरा सामने ही है.

संक्रामक रोग विशेषज्ञ ने बताया 

पूरे देश में कोरोना की कोई नई लहर नहीं आई है. फिलहाल कोई खतरनाक वेरिएंट भी सामने नहीं आया है. ऐसे में लोगों को घबराने और पैनिक होने के बजाय सतर्क रहना चाहिए और कुछ सावधानियां बरतनी चाहिए.

एक्‍सपर्ट डॉक्‍टरों का क्‍या कहना है? 

आंध्र प्रदेश के मामले लोकल क्लस्टर लगते हैं, न कि देशव्यापी फैलाव. “फिलहाल कोई बड़ा कोविड वेव आने का सबूत नहीं है. स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी, संपर्क ट्रेसिंग, टेस्टिंग और जीनोम सीक्वेंसिंग बढ़ा दी है. अस्पताल अब पहले से बेहतर तैयार हैं. एक बड़ी आबादी में आज कोरोना के खिलाफ हाइब्रिड इम्यूनिटी भी है, जो गंभीर बीमारी से बचाती है.इसलिए घबराने की कोई जरूरत नहीं है.”

इन्फ्लूएंजा और कोविड अचानक तेज बुखार, बदन दर्द और थकान से शुरू होते हैं. मौसमी वायरल धीरे-धीरे आते हैं और गले में खराश, नाक बहना ज्यादा होता है. “लक्षण बहुत मिलते-जुलते हैं, इसलिए टेस्टिंग ही सही तरीका है. बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं और पुरानी बीमारियों वाले लोगों को खास ध्यान देना चाहिए. अगर बुखार 3-5 दिन से ज्यादा रहे, सांस लेने में तकलीफ हो, सीने में दर्द हो या उलझन बढ़े तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें.”

मास्क लगाएं या नहीं?

फोर्टिस हॉस्पिटल ओखला में इंटरनल मेडिसिन के एडिशनल डायरेक्टर डॉ. संजय वर्मा का कहना है कि हर किसी को मास्क नहीं लगाना है लेकिन अगर किसी को बुखार, खांसी, गले में खराश या नाक बह रही है तो मास्क जरूर लगाएं, ताकि और लोगों में यह संक्रमण न फैले. इसके अलावा अस्पताल जाते समय या भीड़भाड़ वाली बस-ट्रेन-फ्लाइट में जाते वक्त मास्क जरूर पहनें. बुजुर्ग, गर्भवती और पुरानी बीमारियां वाले लोग भीड़ वाली बंद जगहों पर मास्क का इस्तेमाल करें.

क्या जरूरी काम करें?

. भीड़भाड़ वाली जगहों पर जाएं तो मास्क पहनें

. बाहर से आने के बाद हाथ साबुन और पानी से धोएं.

. अगर खांसी या जुकाम हो रहा है तो मास्क पहनें, हाथों को सेनिटाइज करते रहें.

. बच्चे बीमार हो जाएं तो उन्हें स्कूल या खेलने न भेजें, घर पर रखें.

. घर में वेंटिलेशन की व्यवस्था रखें.

संबंधित सामग्री

दिल्ली-इंदौर फ्लाइट 3 घंटे से ज्यादा लेट, AC भी खराब; गर्मी में यात्रियों ने पैंफलेट से की हवा

दिल्ली-इंदौर फ्लाइट 3 घंटे से ज्यादा लेट, AC भी खराब; गर्मी में यात्रियों ने पैंफलेट से की हवा

फ्लाइट IX1090 दिल्ली से इंदौर तीन घंटे लेट रही। AC खराब होने से यात्रियों की मुश्किल बढ़ी, देरी का कारण अस्पष्ट।

उज्जैन में सड़क से निकला फ्लाईओवर, लैंडिंग खेत में! निर्माण में गड़बड़ी से उठे सवाल

उज्जैन में सड़क से निकला फ्लाईओवर, लैंडिंग खेत में! निर्माण में गड़बड़ी से उठे सवाल

उज्जैन के सिंहस्थ 2028 प्रोजेक्ट में सड़क और पुल के अलाइनमेंट में बड़ी गड़बड़ी सामने आई, जिससे अतिरिक्त जमीन लेने की जरूरत पड़ सकती है।

स्वाद के साथ सेहत का भी खजाना है करौंदा, जानिए इसके फायदे

स्वाद के साथ सेहत का भी खजाना है करौंदा, जानिए इसके फायदे

करौंदा, जो भारत में लोकप्रिय है, न केवल खाद्य संवर्धन में बल्कि आयुर्वेदिक उपयोग में भी महत्वपूर्ण है, जिसमें विटामिन सी और फाइबर समृद्ध होते हैं।

बारिश से हाहाकार: काशी डूबी, बिहार में बाढ़; MP के 21 जिलों में अलर्ट

बारिश से हाहाकार: काशी डूबी, बिहार में बाढ़; MP के 21 जिलों में अलर्ट

उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश में बारिश और बाढ़ की गंभीर स्थिति। वाराणसी के 84 घाट डूबे, बिहार में 50 हजार लोग बाढ़ में फंसे।

प्रधानमंत्री मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में यूपीआई ने डिजिटल पेमेंट को दी नई रफ्तार: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

प्रधानमंत्री मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में यूपीआई ने डिजिटल पेमेंट को दी नई रफ्तार: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

UPI ने अपनी 10वीं वर्षगांठ पर भारतीय डिजिटल अर्थव्यवस्था में अभूतपूर्व विस्तार किया, जिससे छोटे दुकानदारों से लेकर वैश्विक बाजार तक पहुंच बनी।

Advertisement

Uk Add पहली बार क्षेत्रीय भाषा की फिल्मो को 50% 04 on 26 Aug 2026