अमेरिका गाजा को ग्रीन और रेड जोन में बांटने की तैयारी में। ग्रीन जोन पर इंटरनेशनल फोर्स और इजराइल का कंट्रोल होगा।
गाजा पट्टी को लेकर अमेरिका एक बड़े बदलाव की तैयारी में है। द गार्डियन की रिपोर्ट के मुताबिक वॉशिंगटन ने एक दीर्घकालिक प्लान बनाया है, जिसके जरिए गाजा को दो अलग हिस्सों में बांटकर संभाला जाएगा। यह दस्तावेज अमेरिकी सैन्य खुफिया और अधिकारियों की निजी जानकारी के आधार पर तैयार बताया गया है।
ग्रीन जोन: इंटरनेशनल फोर्स और इजराइल की संयुक्त निगरानी
प्लान के अनुसार गाजा के पूर्वी क्षेत्र में ग्रीन जोन बनाया जाएगा। यहां इंटरनेशनल सिक्योरिटी फोर्स (ISF) और इजराइली सेना संयुक्त रूप से तैनात होंगी। शुरुआत में कुछ सौ सैनिक तैनात किए जाएंगे, बाद में संख्या 20,000 तक पहुंच सकती है। अमेरिका चाहता है कि इस बल को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद से औपचारिक मंजूरी मिले। ग्रीन जोन में री-डेवलपमेंट का काम किया जाएगा, जबकि विदेशी सैनिकों को इस क्षेत्र के बाहर जाने की अनुमति नहीं होगी।
रेड जोन: खंडहर बना पश्चिमी गाजा फिलिस्तीन को
येलो लाइन के पश्चिम का वह इलाका, जहां दो साल की लड़ाई में सबसे ज़्यादा तबाही हुई, उसे रेड जोन कहा जाएगा। यहां पुनर्निर्माण अभी नहीं होगा। लगभग 20 लाख फिलिस्तीनी इसी हिस्से में फंसे हुए हैं । रिपोर्ट बताती है कि फिलिस्तीनी आबादी का अधिकांश हिस्सा रेड जोन में केंद्रित हो गया है।
ट्रम्प के पुराने वादों पर सवाल
गाजा को दोबारा एकजुट करने और फिलिस्तीनी शासन की बहाली के अमेरिकी वादे इस नए मॉडल से मेल नहीं खाते। दस्तावेज के सामने आने के बाद हालिया सीजफायर और ट्रम्प प्रशासन के 20-पॉइंट प्लान पर भी सवाल उठ रहे हैं।
ट्रम्प का मिस्र में हुआ समझौता
13 अक्टूबर को डोनाल्ड ट्रम्प ने शर्म अल शेख में गाजा शांति समझौते पर साइन किए थे। 20 से अधिक देशों के प्रतिनिधि मौजूद थे, पर इजराइल और हमास को शामिल नहीं किया गया। समझौते में क्षेत्र के लिए शांति, समान अवसर और सुरक्षा की बात कही गई थी। ट्रम्प के 20-पॉइंट सीजफायर प्लान संक्षेप में जान लीजिए