7 अक्टूबर तक अनाज वितरण प्रभावित

कमीशन बढ़ाने की मांग को लेकर राशन दुकान संचालकों की हड़ताल, भोपाल की 400 दुकानें बंद

7 अक्टूबर तक अनाज वितरण प्रभावित

By : Chitrakoot Jyoti
कमीशन बढ़ाने की मांग को लेकर राशन दुकान संचालकों की हड़ताल, भोपाल की 400 दुकानें बंद

भोपाल। कमीशन बढ़ाने की मांग को लेकर मध्य प्रदेश के राशन दुकान संचालक हड़ताल पर चले गए हैं। बुधवार से शुरू हुए आंदोलन के कारण भोपाल सहित पूरे प्रदेश में सार्वजनिक वितरण प्रणाली प्रभावित हुई। भोपाल की करीब 400 उचित मूल्य दुकानें बंद रहीं, जिसके चलते उपभोक्ताओं को राशन नहीं मिल सका। संचालकों ने 7 अक्टूबर तक दुकानें बंद रखने और अनाज वितरण नहीं करने का ऐलान किया है।

मध्य प्रदेश राशन विक्रेता संघ के आह्वान पर प्रदेश की करीब 26 हजार राशन दुकानें हड़ताल में शामिल हैं। संचालकों का कहना है कि मौजूदा कमीशन में दुकान चलाना मुश्किल हो गया है, इसलिए सरकार से कमीशन बढ़ाने की मांग की जा रही है। वहीं प्रशासनिक अधिकारी आंदोलन को समाप्त कराने के लिए संचालकों से बातचीत कर बीच का रास्ता निकालने का प्रयास कर रहे हैं।

भोपाल में 3.42 लाख परिवार प्रभावित

राजधानी भोपाल में 400 उचित मूल्य दुकानों के माध्यम से करीब 3 लाख 42 हजार परिवारों को राशन उपलब्ध कराया जाता है। इन परिवारों में लगभग 14 लाख सदस्य शामिल हैं। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि सामान्य तौर पर हर माह 4 से 5 तारीख के बाद राशन वितरण शुरू होता है, इसलिए शुरुआती दिनों की हड़ताल से ज्यादा परेशानी नहीं होगी।

90 रुपये प्रति क्विंटल कमीशन बढ़ाने की मांग

राशन दुकान संचालकों का कहना है कि वर्तमान में उन्हें प्रति क्विंटल 90 रुपये कमीशन मिलता है, जबकि पड़ोसी राज्यों में यह राशि 200 से 250 रुपये तक है। इसके अलावा कमीशन का भुगतान भी कई बार तीन से चार महीने की देरी से होता है, जिससे विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों में दुकान संचालन में आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

मंत्री से मुलाकात के बाद भी नहीं बनी बात

संघ ने अपनी पांच सूत्रीय मांगों को लेकर पहले प्रदेशभर में कलेक्टरों को ज्ञापन सौंपे थे। इसके बाद प्रतिनिधिमंडल ने खाद्य मंत्री गोविंद सिंह राजपूत से मुलाकात कर समस्याओं से अवगत कराया था। आश्वासन के बावजूद मांगें पूरी नहीं होने पर संघ ने 1 से 7 अक्टूबर तक हड़ताल का निर्णय लिया। अब शासन और संचालकों के बीच चल रही बातचीत के बाद समाधान निकलने की उम्मीद जताई जा रही है।