मुंबईः महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और शिवसेना (उद्धव) गुट के प्रमुख उद्धव ठाकरे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस बयान पर प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने कहा था कि वह छात्रों को कोर्ट में नहीं घसीटना चाहते। गाली देने वाले बच्चों को वह माफ कर रहे हैं। उद्धव ठाकरे ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को माफ करने की जरूरत नहीं बल्कि बच्चों से माफी मांगने की जरूरत है।
उद्धव ठाकरे ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह को विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों से माफी मांगनी चाहिए। ऐसा इसलिए विद्यार्थियों पर डंडे बरसाए गए, आंसू गैस के गोले छोड़े गए। पैलेट गन से हमला किया गया। इतना ही नहीं पुरुष पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारियों के कपड़े भी फाड़े। सबसे पहले तो प्रधानमंत्री को जिन बच्चों ने आत्महत्या किया उनके माता-पिता से माफी मांगना चाहिए। प्रधानमंत्री को लेकर जिस तरह के भाषा का प्रयोग किया गया। वह सही है या गलत इस पर चर्चा तो होनी चाहिए, लेकिन सबसे पहले इसकी शुरुआत किसने की?
उद्धव ने कहा कि यहां मुंबई में भी जिस लड़की रिया अहीर ने बहादुरी दिखाई उसे लोगों ने गलत तरीके से ट्रोल किया। प्रधानमंत्री को अपने आसपास काम कर रहे विश्वासपात्र से इस देश में क्या चल रहा है। इस बात की जानकारी लेनी चाहिए। प्रधानमंत्री को माफ करने की जरूरत नहीं बल्कि बच्चों से माफी मांगने की जरूरत है।
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह द्वारा राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल को लोकमान्य तिलक पुरस्कार से पुरस्कृत किए जाने पर उद्धव ठाकरे ने कहा कि आज लोकमान्य तिलक की पुण्यतिथि है। लोकमान्य तिलक ने अंग्रेजों के खिलाफ और असंतोष जताया था। इन दोनों को लेकर इनके अपनी सरकार में असंतोष है।