रायपुर। छत्तीसगढ़ में चक्रवात अर्णब को देखते हुए सरकार ने 1769 गांवों को संवेदनशील घोषित किया है। प्रदेश के 12 जिलों में भारी बारिश और तेज हवाओं की आशंका है। मदद के लिए राज्य स्तरीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष 24 घंटे चालू रहेगा और टोल फ्री नंबर 1070 जारी किया गया है।
इन 12 जिलों में सबसे ज्यादा खतरा
सुकमा, दंतेवाड़ा, बीजापुर, नारायणपुर, कोंडागांव, बस्तर, कांकेर, महासमुंद, धमतरी, गरियाबंद, बालोद और रायपुर में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश का अनुमान है। 12 अति संवेदनशील जिलों में 763 गांव चिन्हित हैं, जबकि बाकी 21 जिलों में 1006 गांवों की पहचान हुई है।
कलेक्टरों को मिले निर्देश
जर्जर और असुरक्षित मकानों को पहचानकर कार्रवाई करनी होगी। जलाशयों के जलस्तर पर नियमित नजर रखनी है। पानी छोड़ने की नौबत आए तो इलाकों को 48 घंटे पहले सूचना देनी होगी। जरूरत के हिसाब से कलेक्टर स्कूल और कॉलेजों में छुट्टी घोषित कर सकेंगे।
बुधवार और गुरुवार को कैसा रहेगा मौसम
मौसम विज्ञान केंद्र ने येलो अलर्ट जारी किया है। चक्रवात आंध्र प्रदेश और यानम के तटों को पार कर उत्तर पश्चिम की ओर बढ़ रहा है। बुधवार को मध्य और दक्षिण छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में अति भारी बारिश हो सकती है। हवा की रफ्तार 60 से 80, कभी कभी 90 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। गुरुवार को उत्तर और मध्य छत्तीसगढ़ के एक दो स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश और वज्रपात की आशंका है।