रायपुर। छत्तीसगढ़ में स्वाइन फ्लू का संक्रमण लगातार बढ़ता जा रहा है। प्रदेश में 3 सितंबर को स्वाइन फ्लू के 15 नए मरीज सामने आए हैं। इसके साथ ही इस साल अब तकग राज्य में संक्रमित मरीजों की कुल संख्या बढ़कर 176 हो गई है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, इनमें से 131 मरीज इलाज के बाद स्वस्थ्य हो चुके हैं, जबकि फिलहाल 45 एक्टिव केस हैं।
34 मरीज अस्पताल में भर्ती
स्वास्थ्य विभाग के ताजा आंकड़ों के अनुसार, राज्य में सक्रिय 45 मरीजों में से 34 का अस्पतालों में इलाज चल रहा है। वहीं, 11 मरीज होम आइसोलेशन में रहकर उपचार करा रहे हैं। बता दें कि 3 सितंबर को मिले 15 नए मरीजों में सबसे ज्यादा मामले रायपुर और दुर्ग से सामने आए हैं। रायपुर में सात और दुर्ग में 5 नए मरीज मिले हैं। इसके अलावा कोरबा, महासमुंद और राजनांदगांव में एक-एक संक्रमित की पुष्टि हुई है।
रायपुर में सबसे ज्यादा 73 मामले
प्रदेश के जिलेवार आंकड़ों में राजधानी रायपुर सबसे आगे है। यहां 7 नए मरीज मिलने के बाद अब तक स्वाइन फ्लू के कुल 73 मामले सामने आ चुके हैं। दुर्ग में 5 नए मरीजों के साथ कुल संक्रमितों की संख्या 22 हो गई है। बिलासपुर में अब तक 20 मरीजों की पुष्टि हुई है। वहीं, कोरबा में कुल 11 और रायगढ़ में 10 मामले सामने आए हैं। धमतरी नें 9, राजनांदगांव में 5 और बस्तर, बेमेतरा के अलावा महासमुंद में 3-3 मरीज मिले हैं।
इन जिलों में भी सामने आए मामले
स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, जांजगीर-चांपा, कांकेर, सूरजपुर और सरगुजा में दो-दो मरीजों की पुष्टि हुई है। इसके अलावा बालोद, बालौदाबाजार,दंतेवाड़ा, गरियाबंद, जशपुर, कोंडागांव, एमसीबी, मोहला-मानपुर और सक्ती में 1-1 मरीज दर्ज किया गया है।
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को किया संपर्क
मौसम में लगातार हो रहे बदलाव को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। विभाग के अनुसार, सर्दी, खांसी, तेज बुखार, गले में खराश और सांस लेने में परेशानी जैसे लक्षण दिखाई देने पर उन्हें नरअंदाज नहीं करना चाहिए। ऐसे लक्षण होने पर लोगों को जल्द से जल्द नजदीकी केंद्र पहुंचकर जांच कराने और चिकित्सकीय सलाह लेने की अपील की गई है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि समय पर पहचान और उपचार से संक्रमण के गंभीर प्रभावों से बचने में मदद मिल सकती है।
बता दें कि छत्तीसगढ़ में बढ़ते मामलों के बीच स्वास्थ्य विभाग की निगरानी जारी है। फिलहाल रायपुर समेत कई जिलों में सामने आ रहे मामलों पर विशेष नजर रखी जा रही है।