दतिया। मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा उपचुनाव का परिणाम कांग्रेस के पक्ष में रहा। पार्टी के उम्मीदवार घनश्याम सिंह ने भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी को 6,016 वोटों से हराकर सीट अपने नाम कर ली। मतगणना के दौरान बढ़त में उतार-चढ़ाव जरूर आया। लेकिन अंतिम नतीजे में कांग्रेस ने जीत बरकरार रखी।
जीत का अंतर अंतिम दौर में घटा
मतगणना के शुरुआती चरणों में कांग्रेस की बढ़त लगातार बढ़ती रही। नौवें राउंड तक पार्टी 9,519 वोटों से आगे थी। 14वें राउंड के बाद बढ़त 7,459 वोट रही और अंतिम दौर की गिनती पूरी होने पर जीत का अंतर 6016 वोट पर आकर थम गया।
नरोत्तम मिश्रा के बूथ पर भी भाजपा पीछे
पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा के पोलिंग बूथ क्रमांक 121 पर भी कांग्रेस को बढ़त मिली। इस बूथ पर कांग्रेस को 291 और भाजपा को 264 वोट मिले। यानी कांग्रेस ने यहां 27 वोटों से बढ़त दर्ज की।
हार के बाद भाजपा करेगी समीक्षा
मतगणना केंद्र पर भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी ने 14वें राउंड के बाद हार स्वीकार कर ली थी। उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि पार्टी चुनाव परिणाम की समीक्षा करेगी। वहीं, कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह ने कहा कि भीतरघात का असर सीमित रहा और जनता ने उनके पक्ष में जनादेश दिया।
पीसीसी चीफ क्या बोले
दतिया उपचुनाव जीतने के बाद मध्य प्रदेश कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि दतिया की जीत कांग्रेस की जीत है। उन्होंने आगे कहा कि यह जीत सामूहिक तपस्या का परिणाम है। यह जननेता राहुल गांधी के नेतृत्व की जीत है।
सीट खाली होने के बाद हुआ था उपचुनाव
बता दें कि दतिया विधानसभा सीट कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती को सहकारी ग्रामीण विकास बैंक फ्रॉड मामले में दो वर्ष की सजा मिलने के बाद रिक्त हुई थी। इससे पहले 2023 के विधानसभा चुनाव में राजेंद्र भारती ने तत्कालीन गृह मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा को 7,742 वोटों से हराया था।
जीत के बाद कांग्रेस खेमे में उत्साह
परिणाम घोषित होने के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जश्न मनाया। भोपाल स्थित प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में नेताओं और समर्थकों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जीत की खुशी साझा की। वहीं मतगणना केंद्र पर भाजपा और कांग्रेस के नेताओं ने एक-दूसरे से मुलाकात कर लोकतांत्रिक परंपरा के तहत अभिवादन भी किया।