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Satrikh News: पढ़ाई के बीच बिगड़ी छात्राओं की तबीयत, मचा हड़कंप

राजकीय कन्या इंटर कॉलेज, सतरिख में गुरुवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब पढ़ाई के दौरान एक के बाद एक दो दर्जन से अधिक छात्राओं की अचानक तबीयत बिगड़ गई।

By : विकास जैन
Satrikh News: पढ़ाई के बीच बिगड़ी छात्राओं की तबीयत, मचा हड़कंप

Satrikh News: पढ़ाई के बीच बिगड़ी छात्राओं की तबीयत, मचा हड़कंप

श्रीनिवास त्रिपाठी, सतरिख: राजकीय कन्या इंटर कॉलेज, सतरिख में गुरुवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब पढ़ाई के दौरान एक के बाद एक दो दर्जन से अधिक छात्राओं की अचानक तबीयत बिगड़ गई। कई छात्राओं ने सांस लेने में परेशानी, घबराहट और बेचैनी की शिकायत की, जबकि कुछ छात्राएं देखते ही देखते बेहोश हो गईं।

विद्यालय परिसर में चीख-पुकार

एक साथ बड़ी संख्या में छात्राओं की हालत बिगड़ने से विद्यालय परिसर में चीख-पुकार और हड़कंप की स्थिति पैदा हो गई। छात्राओं की हालत बिगड़ते ही विद्यालय स्टाफ ने तत्काल एंबुलेंस को सूचना दी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए अन्य वाहनों की मदद से भी बीमार छात्राओं को अस्पताल पहुंचाया गया। घटना की खबर मिलते ही छात्राओं के परिजन भी घबराए हुए अस्पताल पहुंच गए। अपनी बेटियों को अस्वस्थ हालत में देखकर परिजनों की चिंता साफ नजर आई।

छात्राओं कां सांस लेने में हुई परेशानी

अस्पताल में चिकित्सकों और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने छात्राओं की जांच शुरू कर दी। चिकित्सक उनकी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और आवश्यक उपचार दिया जा रहा है। फिलहाल छात्राओं की तबीयत एक साथ अचानक क्यों बिगड़ी, इसका स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है। सांस लेने में परेशानी और घबराहट जैसे लक्षणों को देखते हुए चिकित्सकों की ओर से आवश्यक जांच कराई जा रही है।

घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग भी सक्रिय हो गया। एसडीएम गुंजिता अग्रवाल मौके पर पहुंचीं और अस्पताल में भर्ती छात्राओं का हाल जाना। उन्होंने चिकित्सकों से छात्राओं की स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ली और आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। स्वास्थ्य विभाग की टीम भी पूरी तरह चौकन्नी नजर आई और छात्राओं की निगरानी में जुटी रही।

अभिभावकों में चिंता का माहौल 

एक साथ इतनी छात्राओं की तबीयत बिगड़ने से विद्यालय की छात्राओं, शिक्षकों और अभिभावकों में चिंता का माहौल बना हुआ है। हालांकि अभी तक घटना के पीछे किसी निश्चित कारण की पुष्टि नहीं हुई है। स्वास्थ्य विभाग की जांच और चिकित्सकीय रिपोर्ट के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता सभी छात्राओं को सुरक्षित रखते हुए बेहतर उपचार उपलब्ध कराना है।