नई दिल्ली। फ्लाईदुबई की फ्लाइट को हाईजैक होने से बचाने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार से शनिवार को दुबई के क्राउन प्रिंस और डिप्टी पीएम शेख हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद ने मुलाकात की। मच्छार को सऊदी अरब से आबूधाबी के अस्पताल में शिफ्ट किया गया है, जहां उनकी हालत में अब सुधार हो रहा है। शेख हमदान ने उनके साहस को सलाम किया और मुलाकात की तस्वीरें सोशल मीडिया पर भी साझा कीं।
क्राउन प्रिंस ने एक्स पर क्या लिखा
शेख हमदान ने एक्स पर लिखा कि स्मित मच्छार ने साहस, जिम्मेदारी और इंसानी जिंदगी की फिक्र की सबसे बड़ी मिसाल पेश की है। उन्होंने कहा कि यूएई का नेतृत्व उन्हें पूरा सम्मान देता है। क्राउन प्रिंस ने यह भी कहा कि उन्हें गर्व है कि कैप्टन मच्छार की कहानी उनके देश की कहानी और यूएई के मूल्यों का हिस्सा बन गई है। उन्होंने यूएई को शांति, करुणा और जीवन की रक्षा करने वाला देश बताया। साथ में शेयर की गई तस्वीरों में शेख हमदान मच्छार को गले लगाते और उनके सिर को चूमते दिख रहे हैं।
During a visit to Captain Smit Machchhar… the flydubai pilot who embodied the highest degrees of courage, responsibility, and care for human life.
From us, and from the leadership of the nation, he has our full appreciation and praise.
We are proud that he is part of our… pic.twitter.com/QgpQxdcK5C
उड़ान के दौरान क्या हुआ था
दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट को हाईजैक करने की कोशिश हुई थी। आरोप एक ओमानी पायलट पर है, जिसने कैप्टन मच्छार पर हमला किया और फिर विमान पर कब्जे की कोशिश की। मच्छार ने पहले उसे रोकने का प्रयास किया। उन्होंने ग्राउंड कंट्रोल को हाईजैक कोड भेजा और घायल होने के बावजूद कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया। दरवाजा खुलते ही बाकी यात्री अंदर आ सके और उन्होंने हाईजैक की कोशिश करने वाले पायलट को काबू में कर लिया। उसे सीट से बांध दिया गया और यहीं से हालात बदल गए।
सऊदी से आबूधाबी तक का सफर
इसके बाद विमान को सऊदी अरब ले जाया गया। थोड़े इंतजार के बाद सभी यात्रियों को उनकी मंजिल तक भेज दिया गया। कैप्टन मच्छार गंभीर रूप से घायल थे, इसलिए उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। मेडिकल इजाजत मिलने के बाद उन्हें आबूधाबी के अस्पताल में शिफ्ट किया गया। हाल ही में मच्छार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी बात की थी। उन्होंने बताया था कि घटना के दौरान उन्होंने हनुमान चालीसा को याद किया था।