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जादूगोड़ा/डेक्स: जादूगोड़ा मुसावनी प्रखंड क्षेत्र के फारेस्ट ब्लॉक पंचायत के सोमायडीह गांव के काशीडीह टोला में विकास की अनदेखी के खिलाफ ग्रामीणों का धैर्य आज जवाब दे दिया. इधर आज रविवार को ग्रामीणों ने जोरदार प्रदर्शन किया व फॉरेस्ट पंचायत के सोमायडीह गांव अंतर्गत काशीडीह टोला को अलग कर राजस्व गांव घोषित करने की मांग उठाई,ताकि काशीडीह में विकास को गति मिल सके. इस बाबत झामुमो नेता बाघ राय मार्डी ने कहा कि जादूगोड़ा थाना क्षेत्र अंतर्गत सोमायडीह गांव के अधीन सोमायडीह खुडराकोचा, नाग काटी, कुंदी बेड़ा, चिडुडीह , भट्टा गोडा, जाहेर टोला, बोमरो कोचा, कुंजा गोंडा, समेत कुल 12 टोला आता है. ज्यादा टोला होने की वजह से काशीडीह टोला झारखंड राज्य के 25 साल बाद भी विकास से अछूता हैं.
ग्रामीण हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड माइंस में जीरो किलोमीटर होने के बावजूद भी बेरोजगारों को रोजगार नहीं मिलता है जल मीनार, अबुआ आवास, स्कूल समेत अन्य सुविधाओं से वर्षों से वंचित है. जिसको लेकर ग्रामीण काशीडीह को अलग राजस्व गांव घोषित करने की मांग कर रहे है. ग्रामीण मिर्जा सोरेन, विजय बोदरा, राम दास हेंब्रम, सुरेंद्र नाथ मुर्मू काशीडीह का टोला प्रधान भीलू राम बेसरा कहते है कि 7 किलोमीटर दूर सूरदा क्रॉसिंग से राशन लाना पड़ता है. सोमायडीह में नेट वर्क समेत कई चापाकल खराब पड़े हुए है.
पानी, शिक्षा अबुआ आवास , हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड कम्पनी का सी एस आर का लाभ गांव तक नहीं पहुंचता. यहाँ 130 आदिवासी परिवार निवास करते हैं. काशी डीह को अलग राजस्व गांव घोषित होने से योजनाओं को लाभ ग्रामीणों को मिल सकेगा. बहरहाल देखना यह है कि राजस्व गांव का दर्जा रखने वाले काशी डीह गांव को उनका हक कब मिलता है यह देखने वाली बात होगी.
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