नीरज कुमार साहू/न्यूज11 भारत
बसिया/डेस्क: प्रखंड के किन्दिरकेला गांव में शुक्रवार को मुहर्रम का पर्व पूरे उत्साह, आपसी सौहार्द और भाईचारे के साथ शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ. इस अवसर पर नूरी मस्जिद से एक भव्य जुलूस निकाला गया, जो मुख्य मार्गों से होते हुए बसिया-कोलेबिरा बॉर्डर तक पहुँचा. जुलूस में बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए, जिससे पूरा माहौल धार्मिक रंग में रंगा नजर आया.
अखाड़े के पारंपरिक करतब रहे आकर्षण का केंद्र
जुलूस के दौरान अखाड़ा दलों के युवाओं ने अपनी कला का हैरतअंगेज प्रदर्शन किया. तलवारबाजी, लाठीबाजी और अन्य पारंपरिक युद्ध कलाओं के करतब देखने के लिए सड़क के दोनों ओर लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी. ढोल-नगाड़ों की थाप पर युवाओं का जोश देखते ही बन रहा था, जिसने पूरे क्षेत्र में एक उत्सव सा माहौल बना दिया.
प्रशासन की मुस्तैदी से शांतिपूर्ण रहा आयोजन
कार्यक्रम को पूरी तरह अनुशासित और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा. थाना प्रभारी कृष्ण कुमार के नेतृत्व में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था. पुलिस और प्रशासन की कड़ी निगरानी के कारण पूरा आयोजन शांति और सौहार्द के साथ संपन्न हुआ.
नेताओं और गणमान्य लोगों ने दिया एकता का संदेश
इस मौके पर आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे. कार्यक्रम में मुख्य रूप से उपस्थित गणमान्य लोगों ने समाज में शांति और एकता की अपील की. इस दौरान मुख्य रूप से सुकरात उरांव(प्रखंड अध्यक्ष),जयंत दास (प्रखंड सचिव) दिवाकर केसरी,मुन्तजिर खान, अलीम खान,शेरशाह खान, इजहारुल खान सभी उपस्थित अतिथियों और स्थानीय ग्रामीणों ने एक-दूसरे को मुहर्रम की बधाई देते हुए आपसी भाईचारे और देश की गंगा-जमुनी तहजीब को मजबूत करने का संदेश दिया. पूरे आयोजन के दौरान अनुशासन और सौहार्द का बेजोड़ उदाहरण देखने को मिला.
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