भिलाई। छत्तीसगढ़ के भिलाई नगर से कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव की परेशानियां फिर बढ़ती दिख रही हैं। छत्तीसगढ़ की आर्थिक अपराध शाखा यानी EOW और एंटी करप्शन ब्यूरो रायपुर ने उन्हें नोटिस जारी किया है। नोटिस में यादव को 5 अक्टूबर 2026 को रायपुर की विशेष अदालत में हाजिर होने को कहा गया है।
किस मामले में आया नोटिस
बताया जा रहा है कि यह मामला भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम से जुड़ा है। EOW और ACB में दर्ज अपराध क्रमांक 3 सन 2024 में यादव को आरोपी बनाया गया है। नोटिस में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 के संशोधित प्रावधानों की धारा 7 ए और 12 का जिक्र है। साथ ही भारतीय दंड विधान की धारा 420, 120 बी, 384, 468, 467 और 471 भी दर्ज हैं।
अब 5 अक्टूबर पर टिकी नजरें
नोटिस के बाद सबकी निगाहें सोमवार को होने वाली अदालती कार्रवाई पर रहेंगी। यहां यह समझना जरूरी है कि किसी भी मामले में आरोप तय होना या दोष साबित होना अदालत की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही तय होता है। इससे पहले भी यादव अलग अलग आपराधिक मामलों को लेकर चर्चा में रह चुके हैं।
लगातार दूसरी बार विधायक हैं यादव
देवेंद्र यादव को कांग्रेस के कद्दावर नेताओं में गिना जाता है। वे भिलाई नगर विधानसभा सीट से लगातार दूसरी बार विधायक चुने गए हैं। पिछले दोनों विधानसभा चुनावों में उन्होंने भाजपा के वरिष्ठ नेता प्रेम प्रकाश पांडे को हराया था।
सितंबर में EOW दफ्तर में हुई थी दो घंटे से ज्यादा पूछताछ
सितंबर के आखिरी सप्ताह में रायपुर स्थित ईओडब्ल्यू कार्यालय में देवेंद्र यादव से दो घंटे से ज्यादा समय तक पूछताछ की गई थी। यह पूछताछ कथित कोल लेवी घोटाले की जांच के दौरान सामने आई एक डायरी में दर्ज लेन-देन की जानकारी को लेकर हुई थी। जांच एजेंसी के मुताबिक, डायरी में विधायक देवेंद्र यादव का नाम भी दर्ज मिला था और इसी सिलसिले में उनसे सवाल-जवाब किए गए। हालांकि, देवेंद्र यादव ने अपने खिलाफ लगाए गए आरोपों को बेबुनियाद बताया है।