विवेक सिंह, संग्रामपुर: थाना क्षेत्र के पूरे दुबान मजरे गोरखापुर निवासी विद्या देवी (65) पत्नी सुरेंद्र प्रताप दुबे का शव पांचवें दिन बुधवार को मालती नदी के सरैया पड़ान स्थित वैकल्पिक लकड़ी बांध में अटका मिला। शव क्षत-विक्षत अवस्था में बांसों के बीच फंसा था।
24 अगस्त को दर्ज हुई थी महिला की गुमशुदगी
बताया गया कि 24 अगस्त को परिजनों की तहरीर पर थाना संग्रामपुर में विद्या देवी की गुमशुदगी दर्ज की गई थी। कुछ लोगों के अनुसार महिला 23 अगस्त की सुबह करीब पांच बजे मॉर्निंग वॉक के लिए अमेठी-किठावर मार्ग पर मालती नदी के गोरखापुर पुल की ओर गई थी। इसके बाद वह वापस नहीं लौटी। बुधवार दोपहर सरैया पड़ान निवासी मनोज कुमार पांडेय पुत्र गोपीनाथ पांडेय गाय चराने निकले थे। इसी दौरान उनकी नजर वैकल्पिक लकड़ी बांध के पास पानी में बांसों के बीच अटके शव पर पड़ी। उन्होंने तत्काल डायल 112 और पुलिस को सूचना दी।
करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद शव बाहर निकाला गया
सूचना पर डायल 112 की टीम और थाना संग्रामपुर पुलिस मौके पर पहुंची। करीब एक घंटे के प्रयास के बाद शव को पानी से बाहर निकाला गया। पुलिस ने परिजनों को सूचना दी। मौके पर दीपक कुमार द्विवेदी, संदीप कुमार द्विवेदी समेत गांव के अन्य लोग पहुंचे। शव की हालत खराब होने के कारण चेहरा पहचान में नहीं आ रहा था। महिला के काले ब्लाउज और साड़ी से परिजनों ने उसकी पहचान की। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
नदी में गिरने की जताई जा रही आशंका
थाना संग्रामपुर प्रभारी संजय सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। ग्रामीणों के अनुसार आशंका है कि मॉर्निंग वॉक के दौरान किसी कारण महिला नदी में गिर गई होगी और पानी के बहाव के साथ बहकर सरैया पड़ान पहुंच गई।