गुना। मध्य प्रदेश के गुना जिले में जर्जर सड़क को लेकर रहवासियों ने केंद्रीय मंत्री और स्थानीय सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया के सामने नाराजगी जताई। गुलाबगंज में लोगों ने उनका वाहन रोककर कैंट चौराहे से रेलवे फाटक तक सड़क बनवाने की मांग रखी और काम नहीं होने पर आगामी चुनाव में वोट नहीं देने की बात कही।
गुलाबगंज में काफिला रोककर बताई परेशानी
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया शुक्रवार को गुना दौरे पर थे। इसी दौरान गुलाबगंज क्षेत्र में हनुमान मंदिर के सामने कुछ रहवासियों और स्वागत के लिए मौजूद लोगों ने उनका वाहन रोक लिया। लोगों ने क्षेत्र की खराब सड़क की समस्या सीधे सिंधिया के सामने रखी। रहवासियों ने बताया कि कैंट चौराहे से क्षेत्र रोड होते हुए रेलवे फाटक तक सड़क लंबे समय से खराब है। सड़क कई जगह से उखड़ चुकी है और गड्ढों के कारण रोजाना आने जाने वाले लोगों को परेशानी होती है। स्थानीय लोगों का कहना था कि वे इस समस्या को लेकर करीब 10 बार आवेदन दे चुके हैं।
सड़क नहीं बनी तो वोट नहीं देने की बात
लोगों ने सिंधिया से कहा कि मार्ग पर रोज बड़ी संख्या में वाहन और लोग गुजरते हैं, लेकिन लंबे समय से सड़क की हालत में सुधार नहीं हुआ है। नाराज रहवासियों ने कहा कि यदि सड़क की समस्या दूर नहीं हुई तो वे आगामी चुनाव में वोट नहीं देंगे। इस दौरान मौके पर कुछ देर के लिए माहौल गरमा गया। सिंधिया ने लोगों से कहा कि उनके सामने इस तरह की भाषा का इस्तेमाल न करें। उन्होंने लोगों से अपनी बात निवेदन के रूप में रखने को कहा और जिम्मेदारी लेने की बात कही। सिंधिया ने कहा कि सब हो जाएगा।
बारिश में बढ़ जाती है परेशानी
स्थानीय लोगों के मुताबिक यह मार्ग शहर के महत्वपूर्ण संपर्क रास्तों में शामिल है। इससे दोपहिया और चार पहिया वाहनों के साथ आसपास के लोग भी रोजाना आवागमन करते हैं। सड़क पर गड्ढों और उबड़ खाबड़ हिस्सों के कारण वाहन चालकों को परेशानी होती है। रहवासियों का कहना है कि बारिश के दौरान स्थिति और खराब हो जाती है। गड्ढों में पानी भरने से वाहन चलाना मुश्किल होता है। पैदल आने जाने वाले लोगों को भी दिक्कत होती है।
आश्वासन के बजाय सड़क निर्माण की मांग
लोगों ने सिंधिया से सड़क की समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग रखी। उनका कहना था कि इस मार्ग की खराब हालत की शिकायत पहले भी कई बार की जा चुकी है। अब वे केवल आश्वासन नहीं, बल्कि सड़क का काम शुरू होते देखना चाहते हैं।