रायसेन। मध्य प्रदेश के रायसेन जिले में जिला पंचायत उपचुनाव के दौरान मंगलवार को वार्ड क्रमांक 3 के गांव मऊ पथरई में हंगामा हो गया। सालों से खराब पड़ी सड़क से परेशान ग्रामीणों ने मतदान का बहिष्कार कर दिया और मतदान केंद्रों से दूरी बना ली। प्रशासन के भरोसे के बाद गांव के लोग मान गए और वोटिंग फिर शुरू हुई।
सड़क नहीं तो वोट नहीं के लगे नारे
जानकारी के अनुसार, सुबह मतदान शुरू होते ही ग्रामीणों ने 'सड़क नहीं तो वोट नहीं' के नारे लगते हुए विरोध जताया। उन्होंने मतदान केंद्र क्रमांक 144 और 145 का पूरी तरह बहिष्कार कर दिया। नतीजा यह रहा कि शुरुआत में दोनों बूथों पर सन्नाटा पसरा रहा और गिनती के वोट पड़ पाए। ग्रामीणों का आरोप है कि वे कई सालों से जर्जर सड़क और आने जाने की परेशानी को लेकर शिकायतें और आवेदन देते आ रहे हैं। इसके बाद भी प्रशासन और जनप्रतिनिधियों ने कोई स्थायी हल नहीं निकाला। इस अनदेखी से तंग आकर उन्हें बहिष्कार का रास्ता चुनना पड़ा।
एडीएम और एसडीएम ने संभाला मोर्चा
बहिष्कार की खबर मिलते ही जिला निर्वाचन टीम में हड़कंप मच गया। निर्वाचन अधिकारी एडीएम मनोज उपाध्याय और एसडीएम मनीष शर्मा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। दोनों अफसरों ने नाराज ग्रामीणों से सीधे बात की और उनकी परेशानियाँ सुनीं। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि चुनाव प्रक्रिया पूरी होते ही सड़क की समस्या को प्राथमिकता से हल कराया जाएगा। काफी समझाइश के बाद ग्रामीणों का गुस्सा ठंडा हुआ। उन्होंने विरोध वापस लिया और पोलिंग बूथों पर पहुंचकर मतदान दोबारा शुरू कराया।