सीहोर। मध्य प्रदेश के सीहोर इलाके के कोसमी गांव में आदिवासी परिवारों के 12 मकान तोड़े जाने के मामले में राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग ने मध्यप्रदेश सरकार को नोटिस जारी कर दिया है। आयोग ने तीन दिन में जवाब मांगा है। नोटिस 12 अक्टूबर को जारी हुआ।
किन अफसरों को देना होगा जवाब
नोटिस में मुख्य सचिव, डीजीपी, वन विभाग के प्रमुख सचिव, सीहोर कलेक्टर और एसपी समेत संबंधित अधिकारियों के नाम हैं। मामला वन विकास निगम की कार्रवाई का है। आरोप है कि इसमें आदिवासियों के मकान गिराए गए और खेतों की फसल भी बर्बाद हुई।

शिवराज पहुंचे थे गांव, जताई थी नाराजगी
घटना के बाद केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान कोसमी पहुंचे थे। उन्होंने कार्रवाई को अन्याय की हद बताया। उनका कहना था कि पुराने घर गिरा दिए गए, फसलें रौंदी गईं और कुएं भर दिए गए। उन्होंने पीड़ित परिवारों को भरोसा दिलाया कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
मुख्यमंत्री ने मांगी थी रिपोर्ट
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पहले ही कह चुके हैं कि सरकार ने घटना की रिपोर्ट मंगाई है। उनके मुताबिक जांच के बाद सच सामने आ जाएगा। अब आयोग के नोटिस पर प्रशासन के जवाब पर नजर रहेगी।