स्पोर्ट्स। भारतीय क्रिकेट के लिए मंगलवार का दिन यादगार साबित हुआ। जापान में चल रहे एशियन गेम्स 2026 में जहां भारतीय विमेंस क्रिकेट टीम ने श्रीलंका को करारी शिकस्त देकर लगातार दूसरा गोल्ड मेडल अपने नाम किया। वहीं, दूसरी ओर पुरुष टीम को सानो में जापान के खिलाफ पहले टी20 इंटरनेशनल मुकाबले में बेहद मुश्किल जीत नसीब हुई। एक ही दिन दोनों टीमों की परफॉर्मेंस ने क्रिकेट फैंस को झूमने का मौका दे दिया।
विमेंस टीम ने श्रीलंका को रौंदा, बचाया गोल्ड
निशिन में खेले गए फाइनल मुकाबले में भारतीय महिला टीम ने टॉस जीतकर पहले बैटिंग का फैसला किया और तीन विकेट गंवाकर 216 रन का पहाड़ जैसा स्कोर खड़ा कर दिया। यह स्कोर एशियन गेम्स के इतिहास में भारतीय टीम का सबसे बड़ा योगदान माना जा रहा है। ओपनिंग जोड़ी स्मृति मंधाना और शेफाली वर्मा ने पहले विकेट के लिए 99 रनों की मजबूत साझेदारी निभाई। मंधाना 79 रन बनाकर आउट हुईं और इसी पारी में उन्होंने महिला अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 11 हजार रन का आंकड़ा भी पार कर लिया। ऋचा घोष ने नाबाद 49 और शेफाली ने 48 रनों का योगदान दिया।
बॉलरों के आगे लड़खड़ाई श्रीलंकाई टीम
श्रीलंकाई टीम जब जवाब देने उतरी तो भारतीय गेंदबाजों के सामने टिक ही नहीं पाई और महज 15.4 ओवर में 69 रन बनाकर पूरी टीम पवेलियन लौट गई। दीप्ति शर्मा ने तीन विकेट चटकाए जबकि शेफाली वर्मा श्रेयंका पाटिल और श्री चरणी को दो-दो सफलताएं मिलीं। अंतिम विकेट श्रेयंका पाटिल ने कौशिनी नुथ्यांगना को बोल्ड करके लिया। इसके बाद मैदान पर मौजूद भारतीय खिलाड़ी तिरंगा लहराते नजर आए। यह भारत का इस टूर्नामेंट में इस बार का पहला गोल्ड मेडल भी है।
जापान से हारते-हारते बची भारतीय टीम
दूसरी तरफ सानो इंटरनेशनल क्रिकेट ग्राउंड पर पुरुष टीम इंडिया का सामना 41वीं रैंकिंग वाली जापानी टीम से हुआ। बारिश की वजह से मुकाबला ढाई घंटे लेट शुरु हुआ। इसके बाद ओवर घटाकर 5-5 ओवरों का कर दिया गया। यह भारती की किसी भी टी20 इंटरनेशनल में सबसे छोटा मुकाबला बन गया। हालांकि इससे पहले टीम 9 और 11 ओवर तक के मैच खेल चुकी थी। कप्तान श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर बैटिंग चुनी लेकिन टीम सिर्फ 4 विकेट 32 रन ही जोड़ सकी। अय्यर ने खुद 16 रन बनाए जबकि अभिषेक शर्मा बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए। जवाब में जापानी बल्लेबाजों ने आखिरी ओवर तक भारत को पसीना छुड़ा दिया।
लास्ट ओवर में नहीं बन पाए 8 रन
जापान को जीत के लिए आखिरी ओवर में 8 रन चाहिए थे। लेकिन वह सिर्फ 5 रन ही बना पाई और भारत महज 2 रन से यह रोमांचक मुकाबला जीतने में कामयाब रहा। इस जीत के साथ भारत टी20 इंटरनेशनल इतिहास में 200 जीत दर्ज करने वाली पहली टीम बन गई। यह मुकाबला भारत-जापान के बीच 75 के डिप्लोमेटिक रिश्तों के जश्न के तौर पर आयोजित किया गया था।
दोनों टीमों के लिए बड़ा दिन
क्रिकेट फैंस के लिए यह दिन दोहरी खुशी लेकर आय़ा। एक तरफ महिला टीम ने अपने दबदबे को बरकरार रखते हुए गोल्ड मेडल डिफेंड किया। वहीं दूसरी तरफ पुरुष टीम ने भले ही मुश्किल हालात में जीत दर्ज की हो, लेकिन 200 जीत का ऐतिहासिक आंकड़ा छूकर टीम इंडिया के नाम एक नया रिकॉर्ड जुड़ गया।