अनिता चौधरी, गुजरात। राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार अब सिर्फ एक अनौपचारिक समारोह तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के प्रमुख पर्यटन स्थलों को दुनिया के सामने लाने का माध्यम भी चुना गया है। केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से सरकार राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों को देश के सर्वश्रेष्ठ पर्यटन स्थल तक ले जाने की दिशा में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि फिल्म और पर्यटन को विश्व स्तर पर मित्र देशों के पर्यटन स्थलों के रूप में पहचानने की कोशिश की जा रही है।
एकता नगर में आयोजित कार्यक्रम में नई सोच बताई गई
एकता नगर को राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों के लिए चुने जाने का जिक्र करते हुए वैष्णव ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल की विशाल प्रतिमा और प्राकृतिक प्राकृतिक संरचना के कारण यह स्थान आज विश्वभर में प्रसिद्ध पर्यटन स्थल है। राष्ट्रपति और यूनेस्को के प्रमुख फिल्म कलाकारों के यहां पहुंचने से देश-दुनिया के लोगों को इस पर्यटन स्थल के बारे में दर्शन का अवसर मिलता है।
#WATCH केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा," आज एकता नगर में जहां पर सरदार साहब की दुनिया में सबसे बड़ी प्रतिमा है। उस जगह नेशनल फिल्म अवार्ड की सेरेमनी होगी। नेशनल फिल्म अवार्ड की सेरेमनी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से देश के बड़े टूरिस्ट स्पॉट जितने भी हैं उन… https://t.co/FaaofYyDX9 pic.twitter.com/GQKOaVpz6p
कॉन्फ्रेंस रूम से जनता के बीच जाएगा नेशनल फिल्म अवॉर्ड्स
मंत्री ने कहा कि सरकार का प्रयास राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों को केवल एक सम्मेलन कक्ष तक सीमित स्थान तक सीमित रखने के बजाय सार्वजनिक और वास्तविक पर्यटन स्थलों तक सीमित करना है। फिल्म जगत के बड़े कलाकार जब इन पर्यटन स्थलों पर पहुंचे तो वहां के पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि फिल्म और पर्यटन को साथ जोड़ने से दोनों को फायदा होगा।

राज्य से पर्यटन स्थलों का प्रस्ताव
वैष्णव ने सभी राज्यों से अपने-अपने सर्वश्रेष्ठ पर्यटन स्थलों का प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि वहां बेहतर सुविधाओं और 360 डिग्री विकास की योजना का प्रस्ताव भी तैयार किया जाए। जिस राज्य का प्रस्ताव चयन, भविष्य में राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह उस पर्यटन स्थल पर आयोजित किया जा सकता है।
G20 की आधिकारिक वेबसाइट पर यूनेस्को की पहल
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत में जी20 का सम्मेलन केवल एक स्थान तक सीमित नहीं रखा गया है, बल्कि देश के अलग-अलग स्थानों में आयोजन किया गया है। इसी सोच को नेशनल फिल्म अवॉर्ड्स के साथ जोड़ा जा रहा है। उद्देश्य है कि फिल्म, संस्कृति और पर्यटन को एक मंच पर देश की अलग-अलग पहचान को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सामने लाया जाए।

(लेखिका स्वदेश दिल्ली में वरिष्ठ विशेष प्रतिनिधि हैं)