विदेश। यूक्रेन के सूमी शहर में भारतीय कारोबारी राजीव गुप्ता की दवा फैक्ट्री पर रूस ने ड्रोन से हमला कर दिया। इस हमले में एक व्यक्ति की मौत हो गई और कई लोग घायल हुए हैं। फैक्ट्री की मुख्य इमारत को भारी नुकसान पहुंचा है। साथ ही ज्यादातर हिस्सा तबाह हो गया। शुरुआती अनुमान के अनुसार, कंपनी को कम से कर 400 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है।
हमले के बाद उठा धुएं का गुबार
हमले के बाद फैक्ट्री लगाने वाले इलाके से धुएं का बड़ा गुबपार उठता दिखाई दिया। अधिकारियों ने बताया कि मृतकों और घायलों की संख्या आगे बदल सकती है। यह फैक्ट्री रूस की सीमा से करीब 23 किलोमीटर दूर है। युद्ध शुरू होने के बाद भी सूमी का यह प्लांट चलता रहा था। लेकिन अब मुख्य काम रुक गया है।
कौन हैं राजीव गुप्ता और क्या है कुसुम ग्रुप
यह फैक्ट्री कुसुम ग्रुप की है। इसे भारतीय नागरिक राजीव गुप्ता चलाते हैं। वे 1990 के दशक में यूक्रेन गए और वहीं कारोबार खड़ा किया। कंपनी ने 1994 में भारत की दवाएं यूक्रेन भेजने वाली डिस्ट्रीब्यूटर के तौर पर शुरुआत की थी। 1996 में इसे यूक्रेन में औपचारिक कंपनी बनाया गया। इसका मुख्यालय कीव में है। साल 2002 में कंपनी ने दूसरों की दवाएं बेचना बंद कर अपने ब्रांड की मार्केटिंग शुरू की थी। फिर खुद दवाएं बनाने लगी। 2007 में भारत में प्लांट शुरू हुआ और 2009 में सूमी की फैक्ट्री शुरू हुई। भारत में राजस्थान के भिवाड़ी और मध्य प्रदेश के पीथमपुर इंदौर में भी उत्पादन सुविधाएं हैं। कुसुम ग्रुप 50 से ज्यादा जेनेरिक दवाओं के ब्रांड बनाता है। इनमें टैबलेट, कैप्सूल और लिक्विड शामिल हैं। इसके उत्पाद उज्बेकिस्तान, कजाकिस्तान, फिलीपींस समेत 9 से ज्यादा देशों में बिकते हैं।
शहीद ड्रोन से बढ़ी मुश्किल
रिपोर्ट के अनुसार, गर्मियों से रूस रोज बड़ी संख्या में शहीद ड्रोन यूक्रेन भेज रहा है। ये जेट इंजन से चलते हैं और अपेक्षाकृत सस्ते हैं। यूक्रेन की एयर डिफेंस टीमों को इन्हें रोकने में दिक्कत आ रही है क्योंकि इंटरसेप्टर ड्रोन इनसे धीमे हैं। इसी बीच यूक्रेन ने इस हफ्ते अपनी घरेलू बैलिस्टिक मिसाइल एफपी-7 को पहली बार युद्ध में इस्तेमान करने का ऐलान किया है। इसकी मारक क्षमता करीब 250 KM बताई गई है।
कीव हमले में 6 लोगों की मौत
रूस ने 3 अक्टूबर की सुबह यूक्रेन पर किए ताजा हमलों में कम से कम 6 लोगों को मार दिया। कीव का नॉर्दर्न ब्रिज भी क्षतिग्रस्त हुआ। यह हमला उस वक्त हुआ जब जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज रविवार को स्पेशल ट्रेन से एक दिन के दौरे पर कीव पहुंचे थे। रूस के रक्षा मंत्रालय ने जिम्मेदारी लेते हुए कहा कि इस ब्रिज से यूक्रेनी सैनिकों और सैन्य सामान की आवाजाही होती है।
पिछले तीन दिनों में हमलों के कारण ड्निप्रो नदी पर बने कीव के 6 में से 3 सड़क पुलों पर आवाजाही पूरी या आंशिक रूप से बंद करनी पड़ी है। शुक्रवार और शनिवार रात रूस ने खार्किव और आसपास ड्रोन और गाइडेड बमों से हमला किया। क्षेत्रीय गवर्नर ओलेह सिनेहुबोव के मुताबिक इसमें 5 लोगों की मौत हुई और 40 से ज्यादा घायल हुए।