रायपुर। मौसम विभाग की मानें तो 12 अक्टूबर को दक्षिण पश्चिम मानसून ने छत्तीसगढ़ से पूरी तरह विदा ले ली है। बारिश का मौसम भले खत्म हो गया है। लेकिन आसमान अभी पूरी तरह शांत नहीं हुआ है। मौसम विज्ञान केंद्र रायपुर ने अगले पांच दिनों में प्रदेश के एक दो हिस्सों में बादल गरजने, बिजली गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने की आशंका जताई है।
अगले 24 घंटे का हाल
मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले 24 घंटे में कुछ जगहों पर बहुत हल्की या हल्की बारिश हो सकती है। राजधानी रायपुर में 13 अक्टूबर को आसमान ज्यादातर साफ रहेगा। यहां दिन का तापमान करीब 33 डिग्री और रात का तापमान करीब 24 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
रायपुर में पारा सामान्य से ऊपर
सोमवार को रायपुर में अधिकतम तापमान 33.1 डिग्री और न्यूनतम तापमान 24.4 डिग्री सेल्सियस रहा। दिन का पारा सामान्य से 0.6 डिग्री और रात का पारा 1.2 डिग्री ऊपर दर्ज हुआ। यानी शाम ढलने के बाद भी राहत कम ही मिली। प्रदेश में सबसे ठंडी रात अंबिकापुर की रही, जहां न्यूनतम तापमान 17.4 डिग्री सेल्सियस रहा। ज्यादातर इलाकों में मौसम सूखा रहा और बड़े केंद्रों पर बारिश दर्ज नहीं हुई।
बंगाल की खाड़ी से बना सिस्टम
मौसम विभाग के अनुसार उत्तर पश्चिम बंगाल की खाड़ी से उत्तरी ओडिशा, झारखंड और दक्षिण पश्चिम बिहार होते हुए पूर्वी उत्तर प्रदेश तक एक द्रोणिका बनी हुई है। यह समुद्र तल से करीब 3.1 किलोमीटर की ऊंचाई पर है। पूर्वी उत्तर प्रदेश और आसपास के इलाके में 4.5 किलोमीटर की ऊंचाई पर ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण भी सक्रिय है। इन्हीं वजह से मानसून जाने के बाद भी छत्तीसगढ़ में कहीं कहीं बारिश और गरज चमक का दौर बन सकता है।
बिजली गिरे तो क्या करें
आसमान में बिजली कड़के तो खुले मैदान में न रुकें और पेड़ के नीचे तो बिल्कुल न खड़े हों। पक्के मकान या मजबूत छत वाली जगह में रुकना सबसे सुरक्षित है। किसान भाई मौसम पर नजर रखें और खेत में काम करते समय खास एहतियात बरतें। बादल घिरते दिखें तो काम रोककर सुरक्षित ठिकाने पर पहुंच जाएं।