भोपाल। मध्य प्रदेश में मंगलवार को पंचायत उपचुनाव के 103 पदों पर वोट डाले गए। आगर मालवा के सुसनेर में नगर परिषद अध्यक्ष के लिए भी मतदान हुआ। यानी कुल 104 पदों पर वोटिंग रही। ज्यादातर जगह मतदान शांति से निपट गया। सुसनेर में ईवीएम को लेकर माहौल गरमाया। वहीं, रायसेन और खरगोन के गांवों में लोगों ने खराब सड़क के मुद्दे को लेकर चुनाव का बहिष्कार किया और वोट नहीं डाले।
पहले सुसनेर में ईवीएम पर बवाल
सुसनेर में भाजपा ने प्रदीप सोनी और कांग्रेस ने विष्णु पाटीदार को उतारा है। वार्ड 7 के केंद्र पर ईवीएम को लेकर करीब 15 मिनट तक वोटिंग रुकी रही। कांग्रेस विधायक भैरोसिंह परिहार ने आरोप लगाते हुए कहा कि मशीन फर्जी है। उनके पास मौजूद पुरानी सूची और मशीन के सीरियल नंबर में फर्क निकला तो दोनों पार्टियों के समर्थक केंद्र पर जमा हो गए।
विधायक ने जताई नाराजगी
कांग्रेस विधायक ने तहसीलदार को फोन लगाकर बिना बताए मशीन बदलने पर नाराजगी जताई। बातचीत में उनका लहजा काफी तीखा रहा। उन्होंने पुलिस प्रशासन पर बीजेपी के सामने झुकने का आरोप भी लगाया। साथ ही कहा कि बाहरी लोग सैकड़ों की तादाद में घूम रहे हैं।
भाजपा की सरकार में चुनाव आयोग "तोता" बन गया है!
इन्हें लोकतंत्र पर भरोसा नहीं है, इसलिए हथकंडों से चुनाव जीतना चाहते हैं!
सुसनेर उप चुनाव में षड़यंत्र के तहत बिना अभिकर्ता को सूचना दिए वार्ड में अलग नंबर की EVM लगा दी गई!@ECISVEEP pic.twitter.com/Mv9O55OzNa
फर्जी वोट डालने का आरोप
उधर वार्ड 10 के बूथ 12 पर बीजेपी जिलाध्यक्ष ओम मालवीय और नगर पालिका अध्यक्ष निलेश पटेल पहुंचे। उनका आऱोप था कि बुर्का पहनकर आई महिलाओं के चेहरे देखे बिना वोट डलवाए जा रहे हैं। बीएलओ ललिता सेन ने इसे गलत बताया और कहा कि सब नियम से हो रहा है। बूथ 9 पर फर्जी वोट डालने पहुंचे एक युवक को पुलिस थाने ले गए। शाम 5 बजे तक सुसनेर में 75.96 प्रतिशत वोट पड़े। एसडीओपी के अनुसार मतदान शांतिपूर्ण रहा। इस बीच वार्ड 2 में 101 साल की निहाल बाई कावल वोट डालने पहुंचीं तो सबका ध्यान उनकी तरफ गया।
रायसेन और खरगोन में सड़क पर अड़े ग्रामीण
रायसेन और खरगोन में ग्रामीणों ने सड़क, श्मशान तक रास्ते और पुलिया की मांग पर मतदान का बहिष्कार किया। खरगोन जिला पंचायत वार्ड 19 के नवलपुरा गांव में पक्की सड़क नहीं है। श्मशान तक जाने का रास्ता नहीं बना है। बारिश में नाले पर पुलिया न होने से आना जाना ठप हो जाता है। निर्वाचन टीम ने समझाया, पर लोन नहीं माने। दोपहर 2 बजे तक 606 मतदाताओं वाले केंद्र पर सिर्फ 16 वोट पड़े। जावदा बूथ पर भी विरोध हुआ। लेकिन बाद में वहां वोटिंग शुरू हो गई।
बाकी जिलों में कितना हुआ मतदान
शाजापुर की पतौली पंचायत में 92 और पनवाड़ी में 82 प्रतिशत वोट पड़े। दोनों जगह सरपंच पद के लिए कुल पांच उम्मीदवार हैं। खातेगांव की साकट्या पंचायत में 80 प्रतिशत से ज्यादा मतदान हुआ। नलखेड़ा में दोपहर 3 बजे तक 46.92 प्रतिशत और मऊगंज की नईगुढ़ी व हनुमना में कुल 54.76 प्रतिशत वोटिंग दर्ज हुई। आलीराजपुर के सोण्डवा में दोपहर 1 बजे तक 46.98 प्रतिशत लोगों ने वोट किए थे। शाजापुर और मऊगंज में मतगणना 3 अक्टूबर को होगी।