भोपाल। लोक शिक्षण संचालनालय डीपीआई ने शिक्षक पात्रता परीक्षा टीईटी का सिलेबस जारी कर दिया है। इस सिलेबस में 30 पेज की नियम पुस्तिका भी शामिल है।
डीपीई आयुक्त अभिषेक सिंह ने इस संबंध में सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को आदेश जारी कर कहा कि ये सिलेबस से शिक्षकों को अवगत कराएं। उन्होंने कहा कि टीईटी परीक्षा पूरी तरह ऑफलाइन होगी। कुल 150 अंकों का प्रश्न पत्र ढाई घंटे की रखी गई है। परीक्षा के सभी प्रश्न बहुविकल्पीय प्रकार के होंगे। प्रत्येक प्रश्न में चार विकल्प दिए जाएंगे।
परीक्षा में इन विषयों पर रहेंगे प्रश्न
भाषा विषय के अंतर्गत हिंदी एवं संस्कृत में एमसीक्यू प्रश्नों की संख्या 8 रहेगी। प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होगा। इसमें व्याकरण, गद्यांश, पद्यांश, निबंध लेखन, प्रार्थना पत्र लेखन आदि शामिल है। सामान्य अंग्रेजी में कुल 5 प्रश्न रखे गए हैं। प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होगा। इसी तरह सामान्य ज्ञान और शिक्षा शास्त्र में सामान्य ज्ञान और समसामयिक घटनाक्रम, तार्किक एवं आंकिक योग्यता के कुल 7 प्रश्न, शिक्षा शास्त्र में कुल 10 प्रश्न, हिंदी भाषा, अंग्रेजी, संस्कृत, उर्दू, गणित और विज्ञान विषयों से कुल 120 प्रश्न होंगे। प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होगा। बाल विकास एवं शिक्षा शास्त्र में अवधारणा एवं शिक्षा शास्त्र में 10 प्रश्न होंगे। गणित विषय में प्रमेय, बीजगणित, अनुपात-समानुपात, लघु गुणक आदि से 10 प्रश्न, इतिहास विषय में आदिमानव का विकास, पाषाण काल
हड़प्पा सभ्यता, वैदिक कालीन सभ्यताएं, जैन एवं बौद्ध धर्म, मौर्य और गुप्त काल आदि के अलावा प्रार्थना पत्र लेखन शामिल है।
33 या 40 प्रतिशत प्राप्तांक के आधार रखी जाएं : सिंह
मध्यप्रदेश शिक्षक संघ के अध्यक्ष डॉ. क्षत्रवीर सिंह राठौर ने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के आदेश अनुसार कक्षा 1 से 8 तक पढऩे वाले प्राथमिक, माध्यमिक, सहायक एवं उच्च श्रेणी शिक्षकों को देनी है। संघ ने आयुक्त एवं मंत्री को पत्र सौंप कर अनुरोध किया है कि परीक्षा के प्रश्न पत्र पढऩे वाले शिक्षकों के स्तर के ही रखे जाएं। यह परीक्षा चयन नहीं, बल्कि पात्रता परीक्षा है। इसलिए पूर्णाक के आधार पर उत्तीर्ण अंक 33 अथवा 40 प्रतिशत से अधिक न रखे जाएं।