क्रिकेट। भारतीय क्रिकेट टीम के क्रिकेटर हार्दिक पंड्या के एक फैन की कहानी इन दिनों सोशल मीडिया पर खूब चर्चा में हैं। लखनऊ के मोहनलालगंज में रहने वाले रवि कुमार अपने पसंदीदा क्रिकेटर से मिलने के लिए करीब दो महीने सफर करते रहे। बेंगलुरु एयरपोर्ट के पास उनकी यह तलाश पूरी हुई। हार्दिक ने न सिर्फ उनसे बात की, बल्कि मदद का भरोसा भी दिया। मुलाकात का वीडियो अब तेजी से वायरल हो रहा है।
मुंबई से बेंगलुरु तक का पैदल सफर
रवि के मुताबिक करीब दो महीने पहले वह हार्दिक की एक झलक पाने के इरादे से लखनऊ से मुंबई पहुंचे थे। उस वक्त मुलाकात नहीं हो पाई। रवि ने हार नहीं मानी और वहां से घर नहीं लौटे वह आगे बढ़ते गए और मुंबई से बेंगलुरु तक पहुंच गए। उनका दावा है कि इस पूरे सफर में वह करीब 2400 किलोमीटर पैदल चले। बेंगलुरु एयरपोर्ट के पास आखिरकार उन्हें हार्दिक से मिलने का मौका मिल गया। रवि ने एयरपोर्ट के बाहर हार्दिक को अपने हाथ से बनाया पोस्टर भी दिखाया। इस पोस्टर पर हार्दिक की वर्ल्डकप के दौरान की तस्वीर लगी थी।
रवि की कहानी सुनकर भावुक हुए हार्दिक
बातचीत में हार्दिक ने रवि का हाल पूछा और उनकी हिम्मत की सराहना की। रवि का संघर्ष सुनकर वह भावुक हो गए। उन्होंने तुरंत अपने मैनेजर को बुलाया और रवि के लिए फ्लाइट टिकट का फिर से इंतजाम करने को कहा। दरअसल हार्दिक ने रवि को घर लौटने के लिए 19 तारीख का टिकट पहले ही दिलवाया था। लेकिन एयरपोर्ट जाते समय रास्ते में टिकट कहीं गिर गया। हार्दिक ने रवि से यह भी कहा कि कोई और जरूरत हो तो बेझिझक बताएं। उनके इस सहज अंदाज की सोशल मीडिया पर खूब तारीफ हो रही है।
बचपन से झेला संघर्ष
रवि की जिंदगी शुरू से आसान नहीं रही। वह सिर्फ दो साल के थे। जब माता-पिता का साथ छूट गया। अब परिवार में बड़े भाई, भाभी और एक शादीशुदा बहन हैं। रवि पिछले छह साल से हार्दिक के दीवाने हैं। शुरुआत में उनके पास अपना मोबाइल नहीं था। वह दूसरों से फोन मांगकर हार्दिक के मैच देखते थे। फिर मजदूरी करके पैसे जोड़े और सिर्फ हार्दिक के वीडियो और मैच देखने के लिए फोन खरीदा।
घर दिलाने का वादा
रवि अभी परिवार के साथ मोहनलालगंज में किराए के मकान में रहते हैं। उन्होंने हार्दिक को अपनी आर्थिक तंगी और अपनी छत न होने की बात बताई। इस पर हार्दिक ने उन्हें घर दिलाने का वादा किया। मैदान के बाहर हार्दिक के इस बड़े दिल की चारों ओर चर्चा हो रही है।