खेल। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को दिल्ली के मेजर ध्यानचंद नेशनल स्टेडियम में एशियन गेम्स 2026 के मेडल जीतने वाले खिलाड़ियों से मुलाकात की। इस मौके पर उन्होंने कहा कि भारतीय महिला हॉकी टीम ने गोल्ड जीतकर 44 साल का इंतजार खत्म कर दिया। उनका कहना था कि खिलाड़ियों की सफलता पूरे देश की सफलता है। आइची-नागोया में हुए इन खेलों में भारत ने कुल 85 पदक जीते।
स्टेडियम में कौन रहा मौजूद
कार्यक्रम में केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया और भारतीय ओलंपिक संघ की अध्यक्ष पीटी उषा भी शामिल हुईं। भारतीय महिला क्रिकेट टीम की पूर्व कप्तान हरमनप्रीत कौर ने प्रधानमंत्री को टीम की जर्सी भेंट की। महिला हॉकी टीम की खिलाड़ियों ने उन्हें हॉकी स्टिक दी।
एशियन गेम्स 2026 में भारत के कितने मेडल आए
भारत ने इन खेलों में 21 गोल्ड, 27 सिल्वर और 37 ब्रॉन्ज मिलाकर कुल 85 पदक अपने नाम किए। पदक तालिका में टीम इंडिया चौथे स्थान पर रही। प्रधानमंत्री ने बताया कि पुरुष और महिला, दोनों हॉकी टीमों ने गोल्ड जीता। क्रिकेट में भी भारत की पुरुष और महिला टीमों ने लगातार दूसरी बार मेडल हासिल कर पिछला रिकॉर्ड दोहराया। कबड्डी में दोनों टीमों के हिस्से गोल्ड आया।
85 में से 38 पदक बेटियों के नाम
मोदी ने कहा कि देश के जीते 85 पदकों में 38 महिला खिलाड़ियों के खाते में गए, जिनमें 11 गोल्ड शामिल हैं। उन्होंने इन पदकों को सिर्फ आंकड़े नहीं, बल्कि नए भारत की मजबूत तस्वीर बताया।
पीएम मोदी ने युवाओं के बारे में क्या कहा
प्रधानमंत्री के अनुसार एशियन गेम्स की कामयाबी देश की बदलती सोच भी दिखाती है। उन्होंने कहा कि आज का युवा हर क्षेत्र में नई ऊंचाइयां छूना चाहता है। साथ ही जोड़ा कि युवाओं के दृढ़ संकल्प से बड़ी कोई चुनौती नहीं और उनकी क्षमता से बाहर कोई लक्ष्य नहीं। संभावनाओं का असीमित आसमान उनके सामने है और वे अपनी राह खुद बना रहे हैं। पीएम मोदी ने यह भी कहा कि मेडल विजेताओं से मिलकर उन्हें ऊर्जा मिलती है। जब खिलाड़ियों का जुनून जीत में बदलता है, तो खिलाड़ी के चेहरे के साथ पूरे देश का गौरव भी बढ़ता है।