न्यूज 11 भारत/बिहार डेस्क
पूजा शर्मा/पटना: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शनिवार को मुख्यमंत्री आवास पर ‘सेवा संकल्प अभियान’ की तैयारियों और इसके तहत होने वाले कार्यक्रमों की समीक्षा बैठक किया। बैठक में भाजपा कोटे के कई प्रमुख मंत्री, जिन्हें अभियान के लिए अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, भाजपा संगठन के वरिष्ठ नेता भी पहुंचे थे। मुख्यमंत्री बैठक में अभियान की विभागवार तैयारियों, कार्यक्रमों की रूपरेखा और सरकार की योजनाओं को आम लोगों तक पहुंचाने की रणनीति पर भी चर्चा की गई।
बैठक में अभियान के लिए प्रभारी बनाए गए भाजपा कोटे के मंत्रियों को सौंपी गई जिम्मेदारियों की प्रगति की जानकारी लिया गया। मंत्री अपने-अपने विभागों और क्षेत्रों में अभियान से जुड़े कार्यक्रमों की तैयारी का ब्योरा दिया। अभियान के तहत किन क्षेत्रों में कौन-सा कार्यक्रम आयोजित किया जाना है और उसकी जिम्मेदारी किस स्तर के अधिकारी या जनप्रतिनिधि को दी गई है, इसकी भी समीक्षा हुई।
‘सेवा संकल्प अभियान’ के जरिए सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने की तैयारी है। इसके लिए सरकार और भाजपा संगठन के बीच समन्वय पर विशेष जोर दिया जा रहा है। बैठक में यह तय किया जाएगा कि सरकारी योजनाओं का लाभ जरूरतमंद लोगों तक शिविरों और विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से सीधे कैसे पहुंचाया जाए।
बिहार में ‘सेवा संकल्प अभियान’ 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलाया जाएगा। एक महीने के दौरान 13 प्रमुख कार्यक्रमों का आयोजन किया जाना है। अभियान का उद्देश्य सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों को जनता के बीच ले जाना और सेवा कार्यों के माध्यम से लोगों से सीधा जुड़ाव बढ़ाना है। अभियान को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन और जनसेवा के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर से भी जोड़ा गया है।
अभियान की शुरुआत 17 सितंबर को ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम से होगी। शाम 7 बजे लोग अपने घरों, प्रमुख मंदिरों, राशन दुकानों, अमृत सरोवरों और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर दीप जलाएंगे। इसके जरिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दीर्घायु होने की कामना की जाएगी।
अभियान के दौरान बड़े पैमाने पर स्वैच्छिक रक्तदान शिविर और नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों के जरिए जरूरतमंद लोगों को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ रक्तदान के लिए भी लोगों को प्रोत्साहित किया जाएगा।
‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ की तर्ज पर ‘सेवा सेतु अभियान’ के तहत विशेष शिविर लगाए जाएंगे। इन शिविरों में केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लोगों को मौके पर ही दिलाने की व्यवस्था की जाएगी। आयुष्मान कार्ड, पेंशन समेत अन्य योजनाओं से जुड़े पात्र लाभुकों को आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर लाभ दिलाने पर जोर रहेगा।