अमेरिका के मिडटर्म चुनाव 2026 में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी को बड़ा राजनीतिक झटका लगा है। शुरुआती चुनावी नतीजों में विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी ने सीनेट में बहुमत हासिल कर लिया है। प्रतिनिधि सभा यानी हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में भी डेमोक्रेट्स बढ़त बनाए हुए हैं। चुनावी नतीजों के बीच ट्रंप ने विपक्ष के साथ मिलकर काम करने की बात कही है। उन्होंने संकेत दिया कि वे परिणामों को स्वीकार करने के लिए तैयार हैं।
सीनेट में डेमोक्रेट्स को मिला बहुमत, 51 सीटों पर कब्जा
अमेरिकी संसद के ऊपरी सदन सीनेट में कुल 100 सीटें हैं। इस चुनाव में 35 सीटों पर मतदान हुआ। उपलब्ध शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक, अब तक 23 सीटों के परिणाम सामने आ चुके हैं। इनमें डेमोक्रेटिक पार्टी ने 15 और रिपब्लिकन पार्टी ने 8 सीटों पर जीत दर्ज की है.इन नतीजों को पहले से मौजूद सीटों के साथ जोड़ने पर डेमोक्रेट्स की संख्या 51 तक पहुंच गई है, जबकि रिपब्लिकन पार्टी के पास 39 सीटें हैं। सीनेट में बहुमत के लिए 51 सदस्यों का समर्थन जरूरी होता है। इस तरह डेमोक्रेटिक पार्टी ने ऊपरी सदन में अपना दबदबा कायम कर लिया है।
नतीजों के बाद ट्रंप बोले- विपक्ष के साथ मिलकर काम करूंगा
चुनावी नतीजों के बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने न्यूयॉर्क टाइम्स को इंटरव्यू दिया। उन्होंने कहा कि वे चुनाव परिणामों को स्वीकार करने के लिए तैयार हैं और विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी के साथ मिलकर काम करेंगे.हालांकि, चुनाव में मिली हार के बीच ट्रंप ने सोशल मीडिया पर एक अलग अंदाज भी दिखाया। उन्होंने लिखा कि अब वे राजनीतिक पंडित की भूमिका निभाएंगे और उम्मीदवारों की जीत-हार के कारणों का विश्लेषण करेंगे.ट्रंप ने कहा कि वे अच्छे और खराब दोनों तरह के राजनीतिक विश्लेषण करेंगे। उनका यह बयान चुनावी नतीजों के बाद अमेरिकी राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है।
भारतीय मूल के सुहास सुब्रमण्यम दूसरी बार बने सांसद
इस चुनाव में भारतीय मूल के अमेरिकी नेताओं ने भी अपनी मौजूदगी दर्ज कराई है। डेमोक्रेटिक नेता सुहास सुब्रमण्यम ने वर्जीनिया के 10वें संसदीय क्षेत्र से जीत हासिल की है। उन्होंने रिपब्लिकन उम्मीदवार डेव बेकविथ को हराया.40 वर्षीय सुहास पेशे से वकील हैं। उनका जन्म टेक्सास के ह्यूस्टन में हुआ था। वे पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा के कार्यकाल में व्हाइट हाउस में टेक्नोलॉजी पॉलिसी एडवाइजर के रूप में काम कर चुके हैं। इस भूमिका में उन्होंने तकनीक से जुड़ी सरकारी नीतियों पर सलाह दी थी।इस जीत के साथ सुहास दूसरी बार अमेरिकी सांसद बने हैं।
पिया दांडिया ने फ्लोरिडा में दर्ज की जीत
भारतीय मूल की डेमोक्रेटिक उम्मीदवार पिया दांडिया ने भी फ्लोरिडा के 22वें कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट से हाउस चुनाव जीत लिया है। उन्होंने रिपब्लिकन उम्मीदवार केसी असकर को हराया।चुनाव में पिया दांडिया को 51.9 प्रतिशत वोट मिले, जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी को 48.1 प्रतिशत मत हासिल हुए.पिया का जन्म और पालन-पोषण फ्लोरिडा के पाम बीच काउंटी में हुआ। उनके माता-पिता भारत से अमेरिका जाकर बसे थे। उनके चुनाव क्षेत्र में पाम बीच, ब्रोवार्ड और हेंड्री काउंटी के कुछ इलाके शामिल हैं।
अमेरिकी मिडटर्म चुनाव के ये नतीजे ट्रंप प्रशासन के लिए आगे की राजनीतिक राह चुनौतीपूर्ण बना सकते हैं। सीनेट में बहुमत गंवाने के बाद अब रिपब्लिकन पार्टी की नजर प्रतिनिधि सभा के अंतिम परिणामों पर रहेगी। वहीं डेमोक्रेट्स की कोशिश इस बढ़त को अमेरिकी संसद के निचले सदन में भी बरकरार रखने की होगी।