Sagar Encounter: मध्य प्रदेश के सागर जिले में जहरीली शराब कांड के फरार आरोपी शिवांजय राजपूत को पुलिस ने रविवार तड़के बहरोल के जंगलों में एक शॉर्ट एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया। घेराबंदी के दौरान आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लग गई। वहीं दूसरी ओर, प्रशासन ने मुख्य आरोपियों के शस्त्र लाइसेंस भी निरस्त कर दिए हैं।
बहरोल के जंगलों में मुठभेड़
पुलिस के अनुसार, रविवार तड़के करीब 4 बजे सूचना मिली थी कि आरोपी शिवांजय राजपूत बहरोल के जंगल में छिपा हुआ है। पुलिस टीम ने जब इलाके की घेराबंदी कर उसे सरेंडर करने को कहा, तो उसने पुलिस टीम पर 3 राउंड फायर कर दिए। पुलिस की जवाबी में चलाई गई गोली आरोपी के पैर में लगी, जिससे वह घायल होकर गिर पड़ा। घायल आरोपी को उपचार के लिए सागर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने आरोपी के पास से एक 315 बोर का देशी कट्टा, 3 जिंदा कारतूस, 3 चले हुए कारतूस, मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल जब्त की है।
कलेक्टर का सख्त एक्शन
जहरीली शराब मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी और अवैध संपत्तियों पर बुलडोजर कार्रवाई के बाद जिला प्रशासन ने आरोपियों पर कानूनी शिकंजा और कस दिया है। दर्ज अपराधों और कानून-व्यवस्था का हवाला देते हुए कलेक्टर प्रतिभा पाल ने आयुध अधिनियम 1959 के तहत सोहन राजपूत और हेमलता राजपूत के शस्त्र लाइसेंस रद्द कर दिए हैं। दोनों को अपने हथियार तत्काल बंडा थाने में जमा कराने का आदेश दिया गया है।
शराब ठेकेदार पर कार्रवाई
मामले के आरोपी और शराब ठेकेदार सिद्धार्थ कुशवाहा के 12 बोर बंदूक और 315 बोर राइफल के लाइसेंस भी रद्द कर दिए गए हैं। नोटिस का जवाब न देने और सुनवाई में गैरहाजिर रहने पर प्रशासन ने कार्रवाई कर हथियार बहेरिया थाने में जमा कराने के निर्देश दिए हैं।