प्रमोद शर्मा, हापुड़: त्योहारों से पहले मिलावटखोरों पर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। धौलाना तहसील के ग्राम लालपुर सोलाना में खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने खोया निर्माण इकाइयों पर ताबड़तोड़ छापामार कार्रवाई की। अचानक पहुंची टीम को देखकर कारोबारियों में हड़कंप मच गया। कार्रवाई के दौरान एक इकाई से 7 कुंतल मिलावटी खोया, जिसकी कीमत करीब 1.75 लाख रुपये बताई गई, जब्त कर मौके पर ही नष्ट कराया गया। वहीं रिफाइंड ऑयल और स्किम्ड मिल्क पाउडर भी बड़ी मात्रा में सीज किया गया। आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन, उत्तर प्रदेश लखनऊ के आदेश तथा जिलाधिकारी के निर्देश पर सहायक आयुक्त (खाद्य)-द्वितीय चंद्रशेखर मिश्र के नेतृत्व में विशेष अभियान चलाया गया। इसमें हापुड़ के साथ मेरठ, बुलंदशहर और गाजियाबाद के खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की संयुक्त टीम शामिल रही।
पहली इकाई में मिला सात कुंतल खोया
टीम ने शाहरुख पुत्र हनीफ निवासी लालपुर सोलाना की खोया निर्माण इकाई पर औचक छापा मारा। यहां से खोया के दो नमूने, स्किम्ड मिल्क पाउडर का एक और वनस्पति का एक नमूना लिया गया। मौके पर 7 कुंतल मिलावटी खोया मिला, जिसकी अनुमानित कीमत 1.75 लाख रुपये थी। खाद्य विभाग ने इसे जब्त कर नष्ट करा दिया।
दूसरी इकाई में तेल-पाउडर का भंडार सीज
इसके बाद टीम ने मोमिना पत्नी मोमीन की खोया निर्माण इकाई पर छापा मारा। यहां से स्किम्ड मिल्क पाउडर और रिफाइंड ऑयल के नमूने लिए गए। टीम ने 268 किलोग्राम रिफाइंड ऑयल, जिसकी कीमत 53,600 रुपये तथा 510 किलोग्राम स्किम्ड मिल्क पाउडर, जिसकी कीमत 1,78,500 रुपये बताई गई, सीज कर दिया। वहीं प्रदीप कुमार सिंह की खोया निर्माण इकाई से खोया के दो नमूने संग्रहित किए गए। विभाग ने सभी नमूने जांच के लिए खाद्य विश्लेषक प्रयोगशाला भेजने की कार्रवाई शुरू कर दी है। रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मिलावट मिली तो सप्लायर भी नपेगा
खाद्य विभाग ने खोया और पनीर कारोबारियों को सख्त चेतावनी दी है। विभाग के अनुसार निर्माण में वनस्पति, रिफाइंड ऑयल, स्किम्ड मिल्क पाउडर, डिटर्जेंट या किसी भी प्रकार के प्रतिबंधित केमिकल का इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए। यदि जांच में किसी कारोबारी द्वारा ऐसी सामग्री का प्रयोग पाया जाता है तो संबंधित विक्रेता के साथ-साथ उसके सप्लायर के खिलाफ भी खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 के तहत कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने साफ किया कि मिलावटखोरी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। त्योहारों के मौसम में नकली और मिलावटी खोया-पनीर के कारोबार पर छापों से कारोबारियों में हड़कंप मचा हुआ है।