प्रमोद शर्मा,हापुड़/गढ़मुक्तेश्वर: नौकरी गई तो कमाई का रास्ता छोड़ने के बजाय दो पूर्व कर्मचारियों ने कथित तौर पर कंपनी की अंदरूनी जानकारी को ही लूट की साजिश का हथियार बना लिया। गढ़मुक्तेश्वर पुलिस ने बाबूराम ट्रेडिंग कंपनी के मुनीम से हुई 1.75 लाख रुपये की लूट का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, वारदात के पीछे कंपनी के दो पूर्व कर्मचारियों की रेकी और साजिश सामने आई है।
आंखों में मिर्च झोंकी, बैग लेकर हुए फरार
घटना 14 अगस्त की बताई गई है। बाबूराम ट्रेडिंग कंपनी का मुनीम नकदी और चेकबुक से भरा बैग लेकर जा रहा था। इसी दौरान बदमाशों ने उसे घेर लिया और उसकी आंखों में मिर्ची पाउडर झोंक दिया। मुनीम जब कुछ समझ पाता, उससे पहले ही आरोपी 1.75 लाख रुपये नकद और चेकबुक से भरा थैला छीनकर बाइक से फरार हो गए। दिनदहाड़े हुई वारदात से इलाके में सनसनी फैल गई थी।
नौकरी छोड़ी, मगर कंपनी पर रखी नजर
कोतवाली प्रभारी देवेंद्र बिष्ट के अनुसार पुलिस जांच में चौंकाने वाली बात सामने आई। गिरफ्तार आरोपियों में शिवा पुत्र राजन और सुमित निवासी उपाध्यायनगर पहले बाबूराम ट्रेडिंग कंपनी में कर्मचारी रह चुके हैं। नौकरी छोड़ने के बाद भी दोनों कथित तौर पर कंपनी के वित्तीय लेनदेन और नकदी की आवाजाही पर नजर रख रहे थे।
पुलिस का दावा है कि दोनों ने पहले मुनीम की गतिविधियों की रेकी की और इसके बाद अपने साथी शिवा पुत्र गंगादत्त के साथ मिलकर लूट की योजना तैयार की। योजना के मुताबिक मुनीम को रास्ते में निशाना बनाया गया और उसकी आंखों में मिर्च डालकर नकदी से भरा बैग लूट लिया गया।
नकदी, चेकबुक और तमंचा बरामद
पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 1,09,030 रुपये नकद, चेकबुक, एक अवैध हथियार और वारदात में इस्तेमाल बाइक बरामद करने का दावा किया है। बरामदगी के बाद पुलिस आरोपियों से पूछताछ में जुटी है। पुलिस यह भी खंगाल रही है कि वारदात में कोई अन्य व्यक्ति शामिल था या नहीं और लूटी गई शेष रकम कहां गई। अधिकारियों के मुताबिक, पूछताछ के आधार पर मामले से जुड़े अन्य पहलुओं और संभावित साथियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस के खुलासे के बाद अब कथित ‘अंदरूनी जानकारी’ के सहारे लूट की साजिश रचने का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है।