क्रिकेट। दिलीप ट्रॉफी का फाइनल ईस्ट जोन और साउथ जोन के खिलाफ खेला जा रहा है। दोनों के बीच खेले जा रहे खिताबी मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी ने एक बार फि अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से ध्यान खींचा। हालांकि शानदार शुरुआत के बावजूद वह अपनी पारी को बड़े स्कोर में नहीं बदल सके और अर्धशतक से सिर्फ 6 रन दूर रह गए।
दरअसल, चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में खेले जा रहे फाइनल में ईस्ट जोने की ओर से बल्लेबाजी करते हुए वैभव ने 37 गेंदों पर 44 रन बनाए। उनकी पारी में 5 चौके और एक छक्का शामिल रहा।
छक्के से फिफ्टी पूरी करने की कोशिश में गंवाया विकेट
वैभव सूर्यवंशी शुरूआत से ही आक्रामक नजर आए। उन्होंने पारी के तीसरे ओवर में मोहम्मद सिराज की पहली ही गेंद पर चौका लगाकर अपने इरादे साफ कर दिए। इसके बाद छठे ओवर में उन्होंने एमडी निधीश के खिलाफ दो चौके जड़े। अगले ओवर में वैभव ने सिराज को भी निशाने पर लिया और एक चौके और दो छक्कों की मदद से कुल 14 रन बटोर लिए।
हालांकि जब वैभव तेजी से अपने अर्धशतक की ओर तेजी से बढ़ रहे थे। तभी तेज गेंदबाज चामा मिलिंद ने उन्हें अपना शिकार बना लिया। वैभव शॉर्ट पिच गेंद पर बड़ा शॉट खेलकर अर्धशतक पूरा करना चाहते थे। लेकिन गेंद हवा में चली गई और सब्स्टीट्यूट खिलाड़ तनय त्यागराज ने कैच पकड़ लिया।
अभिमन्यु ईश्वरन के साथ 100 रन की साझेदारी
वैभव सूर्यवंशी और अभिमन्यु ईश्वरन ने ईस्ट जोन को मजबूत शुरूआत दिलाई। दोनों बल्लेबाजों के बी पहले विकेट के लिए 100 रन की साझेदारी हुई। फाइनल मुकाबले में ईस्ट जोन के कप्तान ईशान किशन ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला लिया। टीम ने अपनी प्लेइंग इलेवन में सिर्फ एक बदलाव किया। वहीं, साउथ जोन ने चार बदलाव किए हैं। साउथ जोन की टीम में मोहम्मद सिराज के साथ युवा बल्लेबाज देवदत्त पड्डिकल भी प्लेइंग 11 का हिस्सा हैं।
4️⃣,6️⃣,4️⃣
Vaibhav Sooryavanshi on the charge with some delightful shots 🔥
The 50-run stand also comes up between Vaibhav and Abhimanyu Easwaran 🙌
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सेमीफाइनल में जमकर बोला था वैभव का बल्ला
इससे पहले वैभव सूर्यवंशी ने सेंट्रल जोन के खिलाफ सेमीफाइनल में शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने पहली पारी में 92 और दूसरी पारी में 40 रन बनाए थे। वैभव ने उस मुकाबले में एक खास रिकॉर्ड भी अपने नाम किया थी। वह दलीप ट्रॉफी में अर्धशतक लगाने वाले सबसे कम उम्र के बल्लेबाज बने थे। क्वार्टर फाइनल में नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ वैभव बल्ले से सिर्फ 8 रन बना सके थे। लेकिन गेंदबाजी में उन्होंने 2 विकेट लिए थे। सेमीफाइनल के शानदार प्रदर्शन के बाद फाइनल में भी उन्होंने तेज शुरुआति की थी। लेकिन इस बार अपनी पारी को अर्धशतक तक नहीं पहुंचा सके।