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गोईलकेरा/डेस्क: गोईलकेरा अग्र परियोजना केंद्र में "मेरा रेशम मेरा अभिमान 2.0" कार्यक्रम के तहत बुधवार को किसानों को रेशम उत्पादन का प्रशिक्षण दिया गया. रांची की वैज्ञानिक डॉ .दिव्या राजावत, परियोजना प्रबंधक सुरेंद्र साहू वा राम मोहन प्रमाणिक ने संयुक्त रूप से किसानों को प्रशिक्षण दिया. इस दौरान गोईलकेरा प्रखंड अंतर्गत विभिन्न क्षेत्रों से आए 40 किसानो को प्रशिक्षण देते हुए "मेरा रेशम मेरा अभिमान 2.0 "के उद्देश्यों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई.
मौके पर उपस्थित किसानो को संबोधित करते हुए वैज्ञानिक केंद्रीय रेशम बोर्ड रांची ,डॉ दिव्या राजावत ने कहा ,किसान केंद्रित सहभागी विस्तार प्रणाली के माध्यम से रेशम किसानों को तकनीकी रूप से सक्षम बनाना है , ताकि वे उत्पादन, कीटपालन एवं रोग प्रबंधन की आधुनिक तकनीक को अपनाकर उत्पादकता और आय में वृद्धि कर किसान अपनी जीविका को अच्छी तरीके से चलाते हुए अपनी वा अपनी परिवार का अच्छी तरीके से भरण पोषण कर सके. मौके पर अग्र परियोजना के लिपिक अभिराम चौधरी, घासी राम पान, किट पालक पवन तिर्की, तरुण महतो, गणेश वास्के, घनश्याम सुरीन, संजय साहू, थिओफिल भुइयां समेत अन्य कर्मचारी मौजूद रहे.
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